SOLAN,08.12.19-उपायुक्त सोलन के.सी. चमन ने जिला की आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं से आग्रह किया है कि वे सभी विशेषकर ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाओं को प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के विषय में जागरूक बनाएं। उपायुक्त आज यहां प्रधानमंत्री मातृ सप्ताह के समापन समारोह को संबोधित कर रहे थे।
के.सी. चमन ने कहा कि प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना का मुख्य उद्देश्य गर्भवती महिलाओं को मजदूरी की क्षति के एवज़ में प्रोत्साहन के रूप में नकद राशि प्रदान कर उनकी सहायता करना है। इसके माध्यम से गर्भवती महिलाओं को शिशु के जन्म से पूर्व एव उपरान्त पर्याप्त विश्राम उपलब्ध करवाना भी लक्ष्य है। योजना के तहत पहली बार मां बनने वाली गर्भवती महिला को औसतन 6000 रुपए के लाभ प्रदान किए जा रहे हैं।
उपायुक्त ने आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं तथा सहायिकाओं से आग्रह किया कि वे महिलाओं को इस योजना के तहत लाभ उठाने के लिए पात्रता एवं अन्य सभी आवश्यक जानकारियां प्रदान करें। उन्होंने कहा कि महिलाओं को यह भी बताया जाए कि पात्र महिलाएं सरकारी अस्पताल में प्रसव के उपरांत जननी सुरक्षा योजना के तहत अनुमोदित मानदंडों के अनुसार मातृत्व लाभ राशि भी प्राप्त कर सकती हैं।
के.सी. चमन ने कहा कि विभिन्न योजनाओं के तहत प्रदेश तथा जिला में गर्भवती महिलाओं तथा शिशुओं का हरसंभव कल्याण सुनिश्चित बनाया जा रहा है। इसके लिए आवश्यक है कि सभी योजनाओं की जानकारी गांव-गांव तक महिलाओं को प्राप्त हो। इस दिशा में सभी आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं को नियमित कार्य करना होगा। उन्होंने कहा कि सामूहिक भागीदारी से हर कार्य संभव हो सकता है और सामूहिक कार्य करने के मूल मंत्र को आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं तथा सहायिकाओं को अपनाना होगा। उन्होंने ज़िला में ग्राम स्तर पर विभिन्न योजनाओं की जानकारी जन-जन तक पहुंचाने और लोगों को जागरूक करने की दिशा में आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं एवं सहायिकाओं द्वारा किए जा रहे कार्य की सराहना की।
उन्होंने कहा कि महिलाएं नशे के दानव को हराने में सर्वश्रेष्ठ दूत हैं। यदि महिलाएं अपने घर में यह प्रण कर लें कि नशे को किसी भी रूप में स्वीकार नहीं किया जाएगा तो शीघ्र ही जिला और प्रदेश को नशा मुक्त बनाया जा सकता है। उन्होंने महिलाओं से आग्रह किया कि विभिन्न प्रकार के नशों से युवा पीढ़ी को बचाने में सहयोग करें।
उपायुक्त ने इस अवसर पर जिला में प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के तहत बेहतर कार्य करने वाली आंगनवाड़ी परियोजनाओं को सम्मानित भी किया। जिला में सर्वश्रेष्ठ समेकित बाल विकास परियोजना के लिए कंडाघाट खंड, जिला में सर्वश्रेष्ठ वृत्त के लिए नालागढ़ खंड के राजपुरा-1, सोलन खंड के भोजनगर तथा अर्की खंड के अर्की-1 वृत्त को पुरस्कृत किया गया। जिला की सभी आईसीडीएस परियोजनाओं में बेहतर कार्य निष्पादन करने वाले वृत भी पुरस्कृत किए गये। कंडाघाट में साधुपुल, नालागढ़ में साईं, अर्की में अर्की-2, सोलन में देवठी तथा धर्मपुर में धर्मपुर वृत को सम्मानित किया गया। जिला में प्रधानमंत्री मातृ वन्दना योजना के तहत श्रेष्ठ कार्य करने वाले आंगनवाड़ी केंद्रों को भी सम्मानित किया गया।
उन्होंने योजना के तहत माताओं एवं शिशुओं को भी सम्मानित किया।
जिला कार्यक्रम अधिकारी वंदना चैहान ने प्रधानमंत्री मातृ वंदना सप्ताह की पूर्ण जानकारी प्रदान की। उन्होंने कहा कि यह सप्ताह 02 दिसंबर से 08 दिसंबर तक आयोजित किया गया। सप्ताह के अंतर्गत जिला की सभी ग्राम पंचायतों में आंगनवाड़ी केंद्रों में प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई तथा आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं ने घर-घर जाकर सभी गर्भवती महिलाओं को आंगनवाड़ी केन्द्रों में पंजीकरण करवाने के लिए प्रोत्साहित किया। पोषाहार की संपूर्ण जानकारी भी प्रदान की गई। पोषाहार प्रदर्शनी के माध्यम से सभी को ‘जंक फूड’ के दुष्प्रभावों से अवगत करवाया गया। उन्होंने कहा कि जिला में सीडीपीओ स्तर पर विभिन्न बैंकों के साथ आधार कार्ड एवं बैंक खाता संख्या में त्रुटियों के सम्बन्ध में बैठकें आयोजित की गई। उन्होंने कहा कि सोलन जिला में प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के तहत अभी तक 22587 आवेदन प्राप्त हुए हैं।
इस अवसर पर सभी को पोषण एवं नशा मुक्ति के संबंध में शपथ भी दिलाई गई।
इस अवसर पर जिला के बाल विकास परियोना अधिकारी, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता
एवं सहायिकाएं तथा लाभार्थी उपस्थित थे।