धर्मशाला, 26 जनवरी- 73वें गणतंत्र दिवस के पावन अवसर पर आज कांगड़ा जिले के धर्मशाला में जिला स्तरीय गणतंत्र दिवस समारोह पूरे हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। ऊर्जा मंत्री सुखराम चौधरी ने समारोह की अध्यक्षता की। उन्होंने राष्ट्रीय ध्वज फहराया तथा पुलिस, होमगार्ड और विभिन्न स्कूलों के एनसीसी, स्काऊटस व गाईडस एवं एनएसएस के विद्यार्थियों की टुकड़ियों द्वारा निकाले गए आकर्षक मार्च पास्ट की सलामी ली। इसके पश्चात सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन भी किया गया।
इस अवसर पर अपने संबोधन में कहा कि सुखराम चौधरी ने संविधान निर्माताओं के साथ-साथ देश की आजादी एवं गणतंत्र की स्थापना में स्वतंत्रता सेनानियों के बहुमूल्य योगदान, निस्वार्थ त्याग और बलिदान को याद किया। उन्होंने कहा कि गणतंत्र दिवस के इस शुभ अवसर पर देश की एकता एवं अखण्डता को अक्षुण्ण बनाए रखने के लिए कुर्बानियां देने वाले महान व्यक्तियों को स्मरण करना आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश देवभूमि के साथ-साथ वीरभूमि भी है तथा प्रदेश के युवा सुरक्षा बलों व सैन्य बलों में सेवा करना अपनी शान समझते हैं। प्रदेश सरकार ने सैनिकों तथा भूतपूर्व सैनिकों के परिवारों को अनेक सुविधाएं प्रदान की है। उन्होंने कहा कि सरकार ने परमवीर चक्र व अशोक चक्र विजेताओं की वार्षिकी को तीन लाख रुपये, महावीर चक्र व कीर्ति चक्र विजेताओं की वार्षिकी को दो लाख रुपये, वीर चक्र व शौर्य चक्र विजेताओं की वार्षिकी को एक लाख रुपये किया है।
उन्होंने कहा कि यह गर्व की बात है कि देश की स्वतंत्रता को अक्षुण्ण रखने के लिए सेना में कांगड़ा जिला के वीर जवानों अमर शहीद मेजर सोमनाथ, कैप्टन विक्रम बतरा, मेजर सुधीर वालिया, कैप्टन सौरभ कालिया और ब्रिगेडियर शेरजंग थापा जैसे वीरों के बलिदान की एक लंबी फेहरिस्त है जिसे देश कभी नहीं भुला सकता है। राष्ट्र गान की धुन के रचयिता कैप्टन राम सिंह की जन्म भूमि का गौरव भी कांगड़ा जिला को हासिल है।
उन्होंने कहा कि धर्मशाला में भव्य युद्व संग्रहालय विकसित किया जा रहा है इसमें सेना के युद्वों और संघर्षों की शिक्षा एवं देशभक्ति को बढ़ावा देने के लिए ऐतिहासिक महत्व की चीजों के संग्रह, संरक्षण और सैन्य साजोसमान की झलक भी मिलेगी।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री रोशनी योजना के तहत प्रदेश के गरीब लोगों को निःशुल्क घरेलू बिजली कनेक्शन प्रदान किए जा रहे हैं, जिससे उन्हें कनेक्शन प्राप्त करने के लिए जमा किए जाने वाले 7500 रुपए के शुल्क से छुटकारा मिला है। लाभार्थियों को अग्रिम खपत भुगतान में भी 50 प्रतिशत की छूट का प्रावधान है। प्रदेश में अब तक इस योजना के तहत 11,084 घरेलू कनेक्शन प्रदान किए गए हैं।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री रोशनी योजना के तहत कांगड़ा वृत के अन्तर्गत कुल 1653 नए घरेलू विद्युत कनेक्शन प्रदान किए गए जिसपर 42.59 लाख रुपए व्यय किए गए।
हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत परिषद द्वारा जिला कांगड़ा में विगत चार वर्षों में तीव्र गति से काम करते हुए विभिन्न योजनाओं में लगभग 155.90 करोड़ रुपए व्यय किए गए हैं।
उन्होंने कहा कि दीन दयाल उपाध्याय ग्रामीण ज्योति योजना के अन्तर्गत चार नए उप केन्द्र पपरोला, टाण्डा, राजोल व कोठियां में स्थापित किए गए। पांच उप केन्द्र जिसमें थुरल, जयसिंहपुर, नगरी, सदवां, नगरोटा सूरियां का सम्वर्धन किया गया। इसके अतिरिक्त 4.894 कि.मी. 33 के.वी लाइन, 52.208 कि.मी.11 के.वी. लाइन व 103.78 कि.मी. एलटी. लाइन बिछाने व अन्य कार्य शामिल हैं, को स्थापित किया गया जिनकी कुल लागत 33.56 करोड़ रुपए है।
ऊर्जा मंत्री ने कहा कि समेकित ऊर्जा विकास योजना के अन्तर्गत एक नया उपकेन्द्र छेव (कांगड़ा) में स्थापित किया गया, 72 नये व सम्वर्धित ट्रांसफार्मर पालमपुर, नगरोटा-बगवां, कांगड़ा, धर्मशाला तथा देहरा शहरों में स्थापित किए गए। इसके अलावा 2.49 कि.मी. 33 केवी, 66.24 कि.मी. 11 के.वी और 19.66 कि.मी. एलटी. नई लाइनें बिछाने व सम्वर्धित की गई और इस योजना पर 19.09 करोड़ रुपए व्यय किए गए।
जिला कांगड़ा के अन्तर्गत विभिन्न विद्युत मण्डलों में निम्न वोल्टेज वाले क्षेत्रों में कुल 67 नये ट्रांसफार्मर लगाने व संवर्धन करने का कार्य हुआ, 27.24 कि.मी. 11 के.वी लाइन, 35.80 कि.मी. एल.टी. लाइन बिछाने व संवर्धन का कार्य किया गया जिस पर 5.27 करोड़ रुपए व्यय किए गए। इस अवसर पर समाज सेवी संतोष कटोच ने रेडक्रास सोसाइटी को दस हजार तथा सैनिक कल्याण निगम को सात हजार का चैक भी भेंट किया।
इस अवसर पर योजना आयोग के उपाध्यक्ष रमेश ध्वाला, सांसद किशन कपूर, विधायक मुलख राज प्रेमी, विधायक अरूण कुमार, विधायक अर्जुन ठाकुर, विधायक विशाल नैहरिया, वूल फेडरेशन के चेयरमैन त्रिलोक कपूर, तिब्बत निर्वासित सरकार के डिप्टी स्पीकर डोलमा टसरिंग, जिलाध्यक्ष चंद्रभूषण नाग, उपायुक्त डा निपुूण जिंदल, पुलिस अधीक्षक खुशहाल शर्मा, महापौर ओंकार नैहरिया सहित विभिन्न गणमान्य अतिथि उपस्थित थे।