हिसार, 23.03.26-- श्री प्रयाग गिरी शिवालय ट्रस्ट में चैत्र नवरात्रि पर पांचवें दिन माता माँ की पूजा-अर्चना व प्रसाद शिवालय मंदिर के प्रधान बजरंग गर्ग की अध्यक्षता में हुई। जिसमें भारी संख्या में भक्तों ने पूजा-अर्चना की। संस्था के प्रधान बजरंग गर्ग ने संबोधित करते हुए कहा कि मां दुर्गा के रूप स्कंदमाता वात्सत्य, ज्ञान और वीरता की देवी है। मां स्कंदमाता ज्ञान, प्रेम और ममता की देवी हैं। मां स्कंदमाता यह दिन हमें निस्वार्थ प्रेम और अपने भीतर के ज्ञान को जागृत करने की प्रेरणा देता है। मां स्कंदमाता को भगवान कार्तिकेय की माता माना जाता है। स्कंदमाता अपने भक्तों को सुख-समृद्धि और ज्ञान का वरदान देती हैं। मां स्कंदमाता का रूप अत्यंत ममतामयी और करुणामय है। वे कमल के आसन पर विराजमान हैं, इसलिए उन्हें 'पद्मासना देवी' भी कहा जाता है। उनकी चार भुजाएं हैं।

बजरंग गर्ग ने कहा कि स्कंदमाता हमें सिखाती हैं कि ज्ञान और प्रेम का संतुलन जीवन में अत्यंत आवश्यक है। जैसे वे अपने पुत्र की रक्षा करती हैं, वैसे ही वे अपने भक्तों की विपत्तियों से रक्षा करती हैं। हम सबको आज के दिन हम अपने भीतर के अहंकार को मिटाकर, मां की भक्ति में लीन हों और निस्वार्थ प्रेम का संकल्प लें।

इस अवसर पर सतपाल असीजा, भारत सोनी,श्रीमती उषा गर्ग, अनीता गर्ग, अंगूरी देवी, मीनाक्षी कक्कड़, मनीषा असीजा, मोनिका गांधी, शिमला खटक, ममता रानी, निरूबाला, ज्योति रानी, ललिता शर्मा, चित्र कक्कड़, वीणा सैनी, सुदेश रानी, सोनिया शर्मा, सुनीता वर्मा, संतोष कुकरेजा, नारायण दास बंसल, सुरेंद्र सिंगला, ओम प्रकाश असीजा, जगत नारायण, रमेश पटवारी, शिव कुमार, मनीष चावला, दीपक कुमार, सुनील शर्मा, हंस थरेजा आदि भक्तजन भारी संख्या में मौजूद रहे।