दधोल से जरोड़ा सड़क मार्ग 27 फरवरी तक तथा भल्लू से बलघाड़, राहियां -अमरपुर-हडसर-घुमारवीं सड़क 31 मार्च तक यातायात के लिए बंद
बिलासपुर, 13 फरवरी: जिला दण्डाधिकारी एवं उपायुक्त बिलासपुर राहुल कुमार ने मोटर वाहन अधिनियम, 1988 की धारा 115 के अंतर्गत आदेश जारी करते हुए बताया कि घुमारवीं उपमण्डल के दधोल से जरोडा सड़क मार्ग आवश्यक मुरम्मत कार्य के चलते सभी प्रकार के यातायात के लिए आगामी 27 फरवरी तक बंद रहेगा।
इसके अतिरिक्त उपायुक्त राहुल कुमार ने झण्डुता उपमण्डल के अंतर्गत भल्लू से बलघाड़, राहियां -अमरपुर-हडसर-घुमारवीं सड़क आवश्यक मुरम्मत कार्य के चलते आगामी 31 मार्च तक बंद करने के आदेश जारी किए है। उन्होंने राहियां-अमरपुर-हडसर-घुमारवीं रुट के वाहनों को बरठीं-पनोल-झण्डुता सडक तथा भल्लू से बलघाड रोड़ के यातायात को बाया मलारीकलां-मांडवा-झण्डुता सड़क तथा बरठीं-सुन्हाणी बाया पनौल सडक मार्ग का उपयोग करने के निर्देश जारी किए है।
उन्होंने बताया कि इन सड़कों के मरम्मत कार्य के दौरान केवल एम्बुलेंस, स्कूल बसों, वीआईपी वाहनों तथा अन्य आपातकालीन सेवा वाहनों की आवाजाही की अनुमति रहेगी।
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राजेश धर्माणी 14 और 15 फरवरी को रहेंगे घुमारवीं प्रवास पर
बिलासपुर, 13 फरवरी: नगर एवं ग्राम नियोजन, आवास, तकनीकी शिक्षा, व्यावसायिक और औद्योगिक प्रशिक्षण मंत्री राजेश धर्माणी 14 और 15 फरवरी को जिला के घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र के प्रवास पर रहेंगे।
यह जानकारी देते हुए एक सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि राजेश धर्माणी 14 फरवरी को जहां विधानसभा के विभिन्न स्थानों का दौरा करेंगे तो वहीं दोपहर 2 बजे बजे दकडी स्थित वार्ड नम्बर 7 में नवनिर्मित इंदिरा गांधी पार्क, दकडी-बवारी-घुमारवीं-अमरपुर सम्पर्क सड़क का उद्घाटन करेंगे तथा जनससमयाएं सुनेंगे।
उन्होंने बताया कि राजेश धर्माणी 15 फरवरी को प्रातः 11ः30 बजे कोर्ट काॅम्पलेक्स से रछेड़ा सम्पर्क मार्ग पुल की आधारशीला रखने के उपरांत दोपहर 12ः30 बजे गांव फटोह में बस्ती धरड़ी सम्पर्क मार्ग की भी आधारशीला रखेंगे।
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उचित मूल्य की दुकान के आवंटन हेतु आवेदन आमंत्रित
बिलासपुर 13 फरवरीः जिला नियंत्रक, खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले बिलासपुर बृजेन्द्र पठानिया ने जानकारी देते हुए बताया कि विकासखण्ड झण्डुता की ग्राम पंचायत गेहडवीं के तहत गांव छुमाण वार्ड नम्बर 1 में उचित मूल्य की दुकान का पुनः आवंटन किया जाना है। उन्होंने बताया कि इच्छुक आवेदनकर्ता 5 मार्च तक आॅनलाइन पोर्टल https://emerginghimachal.hp.gov.in/back office/site/login पर आवेदन प्रस्तुत कर सकते है।
उन्होंने बताया कि इच्छुक आवेदनकर्ता अपने आवेदन के साथ दसवीं व उच्च शैक्षणिक योग्यता प्रमाण पत्र, सम्बन्धित ग्राम पंचायत सचिव/कार्यकारी अधिकारी नगर परिषद द्वारा जारी वार्ड प्रमाण पत्र, बीपीएल/ओबीसी/एससी/एसटी प्रमाण पत्र, सार्वजनिक संस्थान/निकायों के पंजीकरण व सहकारी सभा व अन्य संस्थानों के पदाधिकारियों के नाम की सूची, शिक्षित बेरोजगार प्रमाण पत्र, परिवार में कोई सदस्य सरकारी नौकरी या राजनीतिक पद पर न होने का प्रमाण/घोषणा पत्र, हिमाचल प्रदेश विनिद्र्विष्ट आवश्यक वस्तुओं (वितरण का विनियमन) आदेश-2019 की शर्तों के तहत प्रमाण/शपथ पत्र जो कि जिला नियंत्रक कार्यालय से इलेक्ट्राॅनिक मींडीया के माध्यम से प्राप्त किया जा सकता है।
इसके अतिरिक्त भूतपूर्वक सैनिक होने पर पीपीओ/डिस्चार्ज बुक के प्रमाण, उचित मूल्य की दूकान के संचालन स्थल का सत्यापित साइट मैप जो किसी प्राधिकृत अधिकारी द्वारा सत्यापित किया हो की छायाप्रति, उचित मूल्य की दूकान के संचालन हेतु व्यवस्थित कमरे/गोदाम/दुकान किराए पर होने की स्थिति में किरायानामा अथवा स्वामित्व का घोषणा पत्र आदि अनिवार्य रूप से संलग्न करने होंगे। उन्होंने बताया कि उचित मूल्य की दूकान संचालन हेतु एकल नारी, विधवा जो स्वंय अपने बच्चों का पालन पोषण कर रही हो, शारीरिक रुप से दिव्यांग जो उचित मूल्य की दूकान का कार्य ठीक प्रकार से करने में सक्षम हो वह भी आवेदन कर सकते है।
उन्होंने बताया कि आवेदक की आयु 18 से 45 वर्ष के मध्य होना चाहिए। प्राप्त आवेदनों की मेरिट के आधार पर प्राथमिकता सरकार द्वारा निर्धारित मापदंडों के अनुसार दी जाएगी और निर्धारित तिथि के बाद प्राप्त आवेदन स्वीकार नहीं किए जाएंगे।
उन्होंने बताया कि अधिक जानकारी के लिए जिला नियंत्रक, खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले, बिलासपुर के कार्यालय से किसी भी कार्य दिवस के दिन संपर्क किया जा सकता है।
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मध्यस्थता राष्ट्र के लिए 2.0 अभियान 31 मार्च 2026 तक रहेगा संचालित
बिलासपुर, 13 फरवरी: सचिव, जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण, बिलासपुर प्रतीक गुप्ता ने जानकारी देते हुए बताया कि राज्य विधिक सेवाएं प्राधिकरण, हिमाचल प्रदेश, शिमला के दिशा-निर्देशों के अनुरूप जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण, बिलासपुर द्वारा ‘मध्यस्थता राष्ट्र के लिए 2.0 अभियान’ चलाया जा रहा है, जो 31 मार्च 2026 तक संचालित रहेगा। उन्होंने बताया कि अदालतों में लंबित मामलों का निपटारा मध्यस्थता, सुलह एवं आपसी सहमति के किया जा सकता है। इससे दोनों पक्षों के समय और धन की बचत होती है तथा उनमें सौहार्दपूर्ण सम्बन्ध भी बने रहते है।
उन्होंने कहा कि न्यायालयों में अनेक मामले लंबे समय तक लंबित रहने के कारण पक्षकारों का समय और धन दोनों व्यर्थ होता है। मध्यस्थता की प्रक्रिया न केवल समय एवं व्यय की बचत करती है, बल्कि आपसी सौहार्दपूर्ण संबंधों को भी बनाए रखने में सहायक सिद्ध होती है। राष्ट्रीय विधिक सेवाएं प्राधिकरण (नालसा) के मार्गदर्शन में संचालित इस अभियान के अंतर्गत इच्छुक पक्ष 31 मार्च तक संबंधित न्यायालय में आवेदन प्रस्तुत कर अपने मामलों का निपटारा करवा सकते हैं। उल्लेखनीय है कि मध्यस्थता प्रक्रिया हेतु किसी प्रकार का शुल्क देय नहीं होगा।
इस अभियान के अंतर्गत वैवाहिक विवाद, चेक बाउंस के मामले, दुर्घटनाओं से सम्बन्धित मामले, आपराधिक सुलह योग्य प्रकरण तथा अन्य उपयुक्त मामलों का निस्तारण मध्यस्थता के माध्यम से निपटाया जा सकता है। सचिव ने आमजन से अपील की है कि वह इस प्रभावी एवं सुविधाजनक व्यवस्था का अधिक से अधिक लाभ उठाएं।
उन्होंने बताया कि इस बारे अधिक जानकारी के लिए जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण, बिलासपुर से दूरभाष नंबर 01978-221452 पर किसी भी कार्य दिवस में प्रातः 10 बजे से सायं 5 बजे तक संपर्क किया जा सकता है।