बिलासपुर में प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर बैठक आयोजित

बिलासपुर, 13 फरवरी-प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना के प्रभावी क्रियान्वयन एवं विभिन्न विभागों के समन्वय को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता अतिरिक्त उपायुक्त ओम कांत ठाकुर ने की, जिसमें उपनिदेशक कृषि डॉ. कुलभूषण धीमान सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

बैठक में जानकारी दी गई कि प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना कृषि क्षेत्र को उन्नत बनाने, किसानों की आय में वृद्धि सुनिश्चित करने तथा फसल विविधीकरण को प्रोत्साहित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। इस योजना के अंतर्गत विभिन्न विभागों की 36 योजनाओं को एकीकृत कर किसानों को सिंचाई, भंडारण, आसान ऋण एवं अन्य आवश्यक सुविधाएं सीधे उपलब्ध करवाई जा रही हैं, जिससे किसानों को समग्र एवं दीर्घकालिक लाभ सुनिश्चित हो सके।

अतिरिक्त उपायुक्त ओम कांत ठाकुर ने सभी विभागाध्यक्षों को निर्देश दिए कि वे अपनी-अपनी विभागीय योजनाओं को धन-धान्य योजना के साथ समायोजित करें, ताकि किसानों को अधिकतम लाभ मिल सके। उन्होंने संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि योजनाओं से संबंधित समस्त डाटा प्रत्येक माह की पहली तारीख तक निर्धारित पोर्टल पर अनिवार्य रूप से अपलोड किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्धारित तिथि के पश्चात पोर्टल बंद हो जाएगा, इसलिए समयबद्ध डाटा अपलोड सुनिश्चित करना आवश्यक है, ताकि नीति आयोग के पोर्टल को समय पर अद्यतन किया जा सके।

उन्होंने अधिकारियों को योजना से संबंधित विस्तृत जानकारी विभागीय व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से भी साझा करने के निर्देश दिए, ताकि सभी विभागों के बीच प्रभावी समन्वय स्थापित हो और कार्यों का समय पर निष्पादन सुनिश्चित किया जा सके। बैठक में यह भी अवगत कराया गया कि वर्ष 2030–31 तक खेतों में 50 प्रतिशत सिंचाई सुविधा सुनिश्चित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जिससे कृषि उत्पादन में उल्लेखनीय वृद्धि संभव हो सकेगी।

अतिरिक्त उपायुक्त ने सभी विभागों से आपसी समन्वय एवं जिम्मेदारी के साथ कार्य करते हुए योजना के सफल क्रियान्वयन को सुनिश्चित करने का आह्वान किया। उन्होंने विभागों को स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित कर योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की दिशा में ठोस एवं परिणामोन्मुखी कार्य करने के निर्देश दिए।

बैठक में सभी संबंधित अधिकारी उपस्थितरहे।

===================================

राज्य स्तरीय नलवाड़ी मेला-2026 को भव्य बनाने की तैयारियां तेज, ‘वॉयस ऑफ बिलासपुर’ देगा स्थानीय प्रतिभाओं को बड़ा मंच

वॉइस ऑफ बिलासपुर इस बार नया प्रयास, स्थानीय प्रतिभाओं को मिलेगा राष्ट्रीय स्तर का मंच
28 फरवरी को होगा ‘वॉयस ऑफ बिलासपुर’ प्रतियोगिता का ऑडिशन, चयनित प्रतिभागियों को मिलेगा विशेष प्रशिक्षण
स्थानीय कलाकारों के लिए चरणबद्ध ऑडिशन प्रक्रिया निर्धारित, 2 और 3 मार्च को होंगे जिला स्तरीय ऑडिशन
प्रदेशभर के कलाकारों के लिए 5 मार्च को ओपन ऑडिशन, विजेताओं को मिलेंगे आकर्षक नकद पुरस्कार

बिलासपुर, 13 फरवरी 2026। राज्य स्तरीय नलवाड़ी मेला-2026 को भव्य, आकर्षक और यादगार स्वरूप प्रदान करने के लिए जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। 17 से 23 मार्च 2026 तक आयोजित होने वाले इस ऐतिहासिक मेले के सफल संचालन और सांस्कृतिक कार्यक्रमों को उच्च स्तरीय स्वरूप देने के उद्देश्य से अतिरिक्त उपायुक्त ओमकांत ठाकुर की अध्यक्षता में कल्चरल सब कमेटी की बैठक आयोजित की गई। बैठक में सांस्कृतिक कार्यक्रमों की रूपरेखा, कलाकारों के चयन की पारदर्शी प्रक्रिया तथा कार्यक्रमों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।

बैठक में निर्णय लिया गया कि इस वर्ष नलवाड़ी मेले के सांस्कृतिक कार्यक्रमों को नया और अधिक आकर्षक स्वरूप प्रदान किया जाएगा, जिससे यह आयोजन दर्शकों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बन सके। कलाकारों के चयन को व्यवस्थित, पारदर्शी और प्रतिस्पर्धात्मक बनाने के लिए विभिन्न चयन समितियों का गठन किया गया है, जो स्थानीय, प्रदेश तथा अन्य राज्यों के प्रतिभाशाली कलाकारों का चयन करेंगी। इसका उद्देश्य सांस्कृतिक कार्यक्रमों को उच्च स्तर का बनाना और मेले की सांस्कृतिक गरिमा को और अधिक सुदृढ़ करना है।

अतिरिक्त उपायुक्त ओमकांत ठाकुर ने बताया कि इस वर्ष “वॉयस ऑफ बिलासपुर” प्रतियोगिता एक नए प्रयास के रूप में शुरू की जा रही है, जिसका उद्देश्य जिला की छिपी हुई गायन प्रतिभाओं को एक सशक्त और प्रतिष्ठित मंच प्रदान करना है। इस प्रतियोगिता में बिलासपुर जिला के 16 से 30 वर्ष आयु वर्ग के प्रतिभाशाली कलाकार भाग ले सकेंगे। उन्होंने बताया कि प्रतियोगिता के लिए प्रारंभिक ऑडिशन 28 फरवरी 2026 को भाषा एवं संस्कृति विभाग के ऑडिटोरियम में आयोजित किए जाएंगे, जिसमें से शीर्ष 15 प्रतिभागियों का चयन किया जाएगा। चयनित प्रतिभागियों को इसके पश्चात विशेष ग्रूमिंग सत्रों के माध्यम से संगीत क्षेत्र के अनुभवी विशेषज्ञों द्वारा प्रशिक्षण और मार्गदर्शन प्रदान किया जाएगा, जिसके आधार पर शीर्ष 8 प्रतिभागियों का चयन किया जाएगा। ये प्रतिभागी राज्य स्तरीय नलवाड़ी मेले के मुख्य मंच पर अपनी प्रस्तुति देंगे और इसी मंच पर प्रतियोगिता के विजेताओं की घोषणा भी की जाएगी।

उन्होंने बताया कि प्रतियोगिता को और अधिक आकर्षक बनाने के लिए विजेताओं के लिए विशेष पुरस्कार राशि निर्धारित की गई है। प्रतियोगिता के विजेता को 1,00,000 रूपए, द्वितीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागी को 50,000 रूपए तथा तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागी को 25,000 रूपए की पुरस्कार राशि प्रदान की जाएगी, जिससे स्थानीय कलाकारों को प्रोत्साहन और सम्मान मिल सके तथा उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रेरणा प्राप्त हो।

अतिरिक्त उपायुक्त ने बताया कि जिला के अन्य स्थानीय कलाकारों को भी अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर प्रदान करने के लिए चरणबद्ध तरीके से ऑडिशन आयोजित किए जाएंगे। सदर और श्री नैना देवी जी उपमंडल के कलाकारों के लिए 2 मार्च 2026 को तथा घुमारवीं और झंडुता उपमंडल के कलाकारों के लिए 3 मार्च 2026 को ऑडिशन आयोजित होंगे। इसके अतिरिक्त प्रदेश भर के कलाकारों के लिए 5 मार्च 2026 को ओपन ऑडिशन आयोजित किया जाएगा, जिससे अधिक से अधिक प्रतिभाओं को राज्य स्तरीय मंच पर अपनी कला प्रस्तुत करने का अवसर मिल सके।

उन्होंने कहा कि सांस्कृतिक कार्यक्रमों की गुणवत्ता और स्तर को बनाए रखने के लिए कल्चरल सब कमेटी द्वारा नियमित रूप से बैठकें आयोजित की जाएंगी और कलाकारों के चयन की प्रक्रिया को निष्पक्षता और पारदर्शिता के साथ संपन्न किया जाएगा। समिति द्वारा हिमाचल प्रदेश सहित अन्य राज्यों के ख्यातिप्राप्त कलाकारों को भी आमंत्रित किया जाएगा, जिससे नलवाड़ी मेले के सांस्कृतिक कार्यक्रमों को प्रदेश और राष्ट्रीय स्तर पर विशेष पहचान मिल सके।

उन्होंने कहा कि राज्य स्तरीय नलवाड़ी मेला बिलासपुर की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, लोक परंपराओं और जनभागीदारी का प्रतीक है। जिला प्रशासन का प्रयास है कि इस वर्ष का मेला सांस्कृतिक विविधता, स्थानीय प्रतिभाओं के प्रोत्साहन और उच्च स्तरीय मनोरंजन का उत्कृष्ट संगम बने। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सभी विभागों, समितियों और आम जनता के सहयोग से राज्य स्तरीय नलवाड़ी मेला-2026 को सफलतापूर्वक आयोजित किया जाएगा और यह आयोजन जिले की सांस्कृतिक पहचान को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

==================================

सामाजिक न्याय एवं अधिका विभाग और रेड क्रॉस के संयुक्त तत्वावधान में झंडूता में “अंतर-पीढ़ी संवाद एवं सुरक्षित वृद्धावस्था” विषय पर कार्यशाला आयोजित

बिलासपुर, 13 फरवरी 2026 सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग द्वारा तहसील कल्याण अधिकारी झंडूता के माध्यम से तथा भारतीय रेड क्रॉस सोसायटी, जिला शाखा बिलासपुर के सहयोग से Protective Ageing कार्यक्रम के अंतर्गत राजकीय महाविद्यालय झंडूता में “अंतर-पीढ़ी संवाद एवं सुरक्षित वृद्धावस्था” विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस अवसर पर उपमंडल अधिकारी झंडूता अर्शिया शर्मा ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की।
कार्यशाला का उद्देश्य वरिष्ठ नागरिकों को बढ़ती आयु से जुड़ी समस्याओं के प्रति जागरूक करना, उन्हें विभिन्न सरकारी कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी प्रदान करना, डिजिटल साक्षरता को बढ़ावा देना तथा युवाओं और बुजुर्गों के बीच संवाद को सुदृढ़ कर पारिवारिक एवं सामाजिक मूल्यों को मजबूत करना रहा। कार्यक्रम के प्रारंभ में तहसील कल्याण अधिकारी झंडूता कमल कांत शर्मा ने मुख्य अतिथि, गणमान्य व्यक्तियों, वरिष्ठ नागरिकों एवं विद्यार्थियों का स्वागत किया तथा सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग द्वारा संचालित विभिन्न पेंशन एवं कल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी प्रदान की।
मुख्य अतिथि अर्शिया शर्मा ने अपने संबोधन में युवाओं से अपने माता-पिता तथा दादा-दादी के प्रति सम्मान और संवेदनशीलता बनाए रखने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि वरिष्ठ नागरिकों का अनुभव समाज की अमूल्य धरोहर है और उनका सम्मान करना भारतीय संस्कृति की मूल भावना है। इस अवसर पर विद्यार्थियों के साथ संवाद सत्र भी आयोजित किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने अपने पारिवारिक अनुभव साझा करते हुए वरिष्ठ नागरिकों के साथ अपने संबंधों पर विचार व्यक्त किए।
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न विषय विशेषज्ञों ने महत्वपूर्ण जानकारियां प्रदान कीं। डॉक्टर गौरव ने मानसिक स्वास्थ्य, योग, स्वास्थ्य देखभाल एवं सामाजिक संरक्षण से संबंधित विषयों पर मार्गदर्शन दिया। पुलिस विभाग के प्रतिनिधि सन्नी कपिल ने वरिष्ठ नागरिकों के कानूनी अधिकारों तथा साइबर धोखाधड़ी से बचाव के उपायों की जानकारी दी। यूको बैंक झंडूता के प्रबंधक अनुपम कुमार ने वित्तीय साक्षरता एवं बैंकिंग सेवाओं के महत्व पर प्रकाश डाला, जबकि अधिवक्ता प्रकाश चंद बंसल ने अंतर-पीढ़ी संवाद विषय पर विशेष सत्र का संचालन किया। इन सत्रों के माध्यम से वरिष्ठ नागरिकों को स्वास्थ्य सुरक्षा, कानूनी संरक्षण, डिजिटल सतर्कता, वित्तीय जागरूकता एवं आत्मनिर्भरता से संबंधित उपयोगी जानकारी प्रदान की गई।
कार्यक्रम के अंतर्गत स्वास्थ्य विभाग द्वारा वरिष्ठ नागरिकों के लिए निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर का भी आयोजन किया गया समापन अवसर पर नशा मुक्त भारत अभियान एवं नशा मुक्त हिमाचल के तहत सभी प्रतिभागियों को नशा मुक्ति की शपथ दिलाई गई, जिसका उद्देश्य समाज को नशे के दुष्प्रभावों से बचाकर स्वस्थ एवं जागरूक वातावरण का निर्माण करना है।
कार्यक्रम में वरिष्ठ नागरिक, विद्यार्थी एवं युवा स्वयंसेवकों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। इस अवसर पर राजकीय महाविद्यालय झंडूता के प्रधानाचार्य, भारतीय रेड क्रॉस सोसायटी जिला बिलासपुर के सचिव, वरिष्ठ नागरिक हुक्म सिंह ठाकुर, चैन सिंह सुमन, पी.एल. जनेऊ, बीरबल धीमान, सुशील पूडीर, ढडबलिया सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।

================================

बिलासपुर में 14 मार्च को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन, डिजिटल मोटर व्हीकल चालान भी ऑनलाइन निपटाने की मिलेगी सुविधा

बिलासपुर, 13 फरवरी 2026-जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण, बिलासपुर के सचिव प्रतीक गुप्ता ने जानकारी दी कि जिला बिलासपुर के विभिन्न न्यायालय परिसरों में 14 मार्च 2026 को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा।

यह आयोजन जिला एवं सत्र न्यायालय परिसर बिलासपुर, घुमारवीं तथा झंडुता न्यायालय परिसर में किया जाएगा, जहां पूर्व मुकदमेबाजी और न्यायालयों में लंबित मामलों का आपसी समझौते के आधार पर निपटारा किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि इस लोक अदालत में बैंक से संबंधित मामलों, श्रम विवाद, बिजली और पानी के बिलों से जुड़े विवाद, वैवाहिक विवाद तथा अन्य समझौतायोग्य मामलों को शामिल किया जाएगा। जिन व्यक्तियों के मामले न्यायालय में लंबित हैं, वे अपने मामलों को लोक अदालत में लगवाकर आपसी सहमति से त्वरित समाधान प्राप्त कर सकते हैं। इसके अलावा, ऐसे व्यक्ति जिनके मामले अभी न्यायालय में विचाराधीन नहीं हैं, वे भी लोक अदालत में आवेदन कर आपसी समझौते के आधार पर अपने विवादों का निपटारा करवा सकते हैं।

प्रतीक गुप्ता ने यह भी बताया कि डिजिटल मोटर व्हीकल चालान से संबंधित मामलों का निपटारा ऑनलाइन माध्यम से e-Pay (eCourt Payment) के जरिए या न्यायालय में उपस्थित होकर लोक अदालत से पूर्व भी किया जा सकता है, जिससे लोगों को त्वरित और सुविधाजनक समाधान मिल सके।

उन्होंने बताया कि कोई भी व्यक्ति निःशुल्क कानूनी सहायता या सलाह के लिए जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण से संपर्क कर सकता है। इसके लिए हिमाचल प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण का टोल-फ्री नंबर 15100, जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण बिलासपुर का दूरभाष नंबर 01978-221452, उपमंडलीय विधिक सेवा समिति बिलासपुर का नंबर 01978-224887 तथा उपमंडलीय विधिक सेवा समिति घुमारवीं का नंबर 01978-254080 उपलब्ध हैं।

इसके अतिरिक्त, इच्छुक व्यक्ति अपनी समस्या Secy-dlsa-bil-hp@gov.in ईमेल आईडी पर भेज सकते हैं या राष्ट्रीय विधिक सेवाएं प्राधिकरण की वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन आवेदन भी कर सकते हैं।===========================

(फीचर) (मुख्यमंत्री वन विस्तार योजना)
मुख्यमंत्री वन विस्तार योजना से घुमारवीं के मरयाणी क्षेत्र में पर्यावरण हुआ संरक्षित
5 हेक्टेयर वन भूमि में रोपित किए 5,500 फलदार व औषधीय पौधे, जैव विविधता को मिली मजबूती
स्थानीय समूह की 6 महिलाएं कर रही हैं जंगल की देखरेख, प्राकृतिक संसाधनों के प्रति बढ़ी है जागरूकता
बिलासपुर, 13 फरवरी: बिलासपुर वन मंडल के अंतर्गत भराड़ी वन रेंज की मरयाणी बीट में मुख्यमंत्री वन विस्तार योजना के तहत पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक सराहनीय पहल की गई है। इस योजना के माध्यम से लगभग 5 हेक्टेयर वन भूमि पर 5,500 फलदार तथा औषधीय पौधे सफलतापूर्वक रोपित किए गए हैं। कभी आगजनी और पेड़ों की कमी से प्रभावित रहा यह क्षेत्र अब पुनः हरे-भरे वन क्षेत्र में परिवर्तित होने लगा है। यह पहल न केवल पर्यावरण संरक्षण की दृष्टि से महत्वपूर्ण सिद्ध हो रही है, बल्कि क्षेत्र की जैव विविधता को भी सुदृढ़ कर रही है।
मुख्यमंत्री वन विस्तार योजना के अंतर्गत पौधरोपण से पूर्व इस क्षेत्र में वृक्षों की संख्या अत्यंत कम थी तथा जंगल में लगी आग के कारण अधिकांश पेड़-पौधे नष्ट हो चुके थे। इसके परिणामस्वरूप पर्यावरण पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा था तथा मिट्टी कटाव जैसी समस्याएं भी उत्पन्न हो गई थीं। ऐसे में यह योजना क्षेत्र के लिए नई आशा बनकर सामने आई। योजना के तहत 5 हेक्टेयर क्षेत्र में आंवला, हरड़, बहेड़ा, अर्जुन, कचनार, शीशम और खैर सहित विभिन्न फलदार एवं औषधीय प्रजातियों के पौधे रोपित किए गए। इन पौधों के विकसित होने से क्षेत्र की जलवायु में सकारात्मक परिवर्तन परिलक्षित हो रहा है तथा स्थानीय जैव विविधता को भी मजबूती मिल रही है।
वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि रोपित पौधों की सुरक्षा के लिए मजबूत बाड़बंदी की गई है। साथ ही वर्षा जल संरक्षण के उद्देश्य से ट्रेंच का निर्माण किया गया है। इन ट्रेंचों में वर्षा का जल एकत्रित होकर धीरे-धीरे भूमि में रिसता है, जिससे पौधों को लंबे समय तक नमी मिलती रहती है। इससे पौधों की वृद्धि दर में वृद्धि हुई है तथा उन्हें सूखे से भी संरक्षण मिला है। अधिकारियों के अनुसार ट्रेंच निर्माण के कारण पौधों में सूखेपन की समस्या लगभग समाप्त हो गई है और सभी पौधे स्वस्थ अवस्था में विकसित हो रहे हैं।
यह योजना पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ ग्रामीण रोजगार सृजन की दिशा में भी प्रभावी सिद्ध हो रही है। स्थानीय महिला समूह को पौधों की देखरेख, निराई-गुड़ाई तथा कटाई-छंटाई की जिम्मेदारी सौंपी गई है। समूह की प्रधान मीरा देवी सहित कुल छह महिलाएं प्रतिदिन पौधों की नियमित देखभाल कर रही हैं तथा उन्हें समय-समय पर पारिश्रमिक भी मिल रहा है।
समूह की प्रधान मीरा देवी का कहना है कि इस योजना ने उन्हें न केवल अस्थाई रोजगार प्रदान किया है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण से जुड़ने का अवसर भी मिला है। इससे प्राकृतिक संसाधनों के प्रति उनकी जागरूकता में भी उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। उनका विश्वास है कि आगामी 3 से 4 वर्षों में रोपित अधिकांश पौधे पूर्ण विकसित होकर घने वन का स्वरूप ग्रहण कर लेंगे, जिससे क्षेत्र की जलवायु, जल स्रोतों की स्थिरता तथा जैव विविधता को दीर्घकालिक लाभ मिलेगा।
क्या कहते हैं अधिकारी:
वन मंडलाधिकारी बिलासपुर, राजीव कुमार ने बताया कि मुख्यमंत्री वन विस्तार योजना के अंतर्गत वर्ष 2025-26 में वन मंडल बिलासपुर के भराड़ी एवं सदर वन परिक्षेत्र में कुल 15 हेक्टेयर वन भूमि पर विभिन्न प्रजातियों के 16,500 पौधे रोपित किए गए हैं। इन पौधों के रोपण एवं संरक्षण पर लगभग 10 लाख रुपये की राशि व्यय की जा रही है।
उपायुक्त बिलासपुर राहुल कुमार का कहना है कि प्रदेश सरकार की विभिन्न विभागों के माध्यम से संचालित विभिन्न योजनाओं को पूरी गंभीरता के साथ क्रियान्वित करने का कार्य किया जा रहा है ताकि संबंधित योजनाओं के लक्ष्यों एवं उद्देश्यों को हासिल किया जा सके। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री वन विस्तार योजना को सामुदायिक भागीदारी के माध्यम से वन विभाग द्वारा क्रियान्वित किया जा रहा है। इस योजना के अंतर्गत रोपित पौधों की सुरक्षा एवं संरक्षण में स्थानीय लोगों की सक्रिय भागीदारी अत्यंत सुखद एवं प्रेरणादायक है।

======================================

भोरंज में ट्रेनी अप्रेंटिस के साक्षात्कार 20 को

हमीरपुर 13 फरवरी। बद्दी की प्रसिद्ध कंपनी इंडोरमा इंडिया प्राइवेट लिमिटेड में ट्रेनी अप्रेंटिस के 15 पदों को भरने के लिए 20 फरवरी को सुबह दस बजे उपरोजगार कार्यालय भोरंज में साक्षात्कार लिए जाएंगे।
जिला रोजगार अधिकारी सुरेंद्र शर्मा ने बताया कि इन पदों के लिए 18 से 24 वर्ष तक के दसवीं या बारहवीं पास और वैल्डर, प्लंबर, मशीनिस्ट, रिफ्रिस्ट और एयर कंडिशनर ट्रेड में आईटीआई डिप्लोमाधारक पुरुष उम्मीदवार पात्र होंगे। चयनित उम्मीदवारों को सभी भत्तों सहित कुल 16,500 रुपये मासिक वेतन मिलेगा।
जिला रोजगार अधिकारी ने बताया कि अगर कोई युवा उपरोक्त योग्यता रखता है और उसका नाम किसी भी रोजगार कार्यालय में पंजीकृत है तो वह अपने मूल प्रमाण पत्रों तथा हिमाचली प्रमाण पत्र के साथ साक्षात्कार में भाग ले सकता है।
भर्ती के संबंध में अधिक जानकारी के लिए जिला रोजगार कार्यालय के दूरभाष नंबर 01972-222318 या कंपनी के दूरभाष नंबर 01792-253400 पर भी संपर्क किया जा सकता है।

========================================

एलआईसी में बीमा सलाहकार के भरे जाएंगे 50 पद, साक्षात्कार 17 को हरोली में
ऊना, 13 फरवरी। एलआईसी शाखा कार्यालय ऊना द्वारा बीमा सलाहकार के 50 (अस्थायी) पद भरे जाएंगे। इन पदों के लिए साक्षात्कार 17 फरवरी को सुबह 10.30 बजे उप रोजगार कार्यालय हरोली में लिया जाएगा।


जिला रोजगार अधिकारी ऊना अक्षय शर्मा ने बताया कि बीमा सलाहकार पदों के लिए शैक्षणिक योग्यता 10वीं उत्तीर्ण व अनुत्तीर्ण और न्यूनतम आयु 18 वर्ष रखी गई है। इसके अलावा पहले तीन वर्षो के लिए 7 हज़ार प्रतिमाह(महिला) और 5 हज़ार प्रतिमाह(पुरुष) सहित इंसेंटिव दिया जाएगा।


उन्होंने बताया कि योग्य व इच्छुक अभ्यर्थी अपने योग्यता प्रमाण पत्र, जन्म तिथि, रोजगार कार्यालय पंजीकरण कार्ड, आधार कार्ड, दो पासपोर्ट आकार की फोटो, मूल प्रमाण पत्र एवं बायोडाटा की कॉपी सहित साक्षात्कार में भाग ले सकते हैं। अधिक जानकारी के लिए 01975-226192, 79860-17859 पर सम्पर्क किया जा सकता है। इसके अलावा साक्षात्कार में आने जाने का यात्रा भत्ता देय नहीं होगा।
===================================================
उप मुख्यमंत्री शनिवार को बीटन में आयोजित 11वें मेगा क्रिकेट टूर्नामेंट में बतौर मुख्यातिथि शामिल होंगे
ऊना, 13 फरवरी। उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री 14 फरवरी (शनिवार) को ऊना ज़िला के एक दिवसीय प्रवास पर रहेंगे। इस दौरान उप मुख्यमंत्री सायं 3 बजे चौधरी स्पोर्ट्स क्लब, बीटन द्वारा शहीदों की स्मृति में आयोजित 11वें मेगा क्रिकेट टूर्नामेंट के पुरस्कार वितरण समारोह में बतौर मुख्यातिथि शिरकत करेंगे। यह जानकारी सरकारी प्रवक्ता ने दी। उन्होंने बताया कि उप मुख्यमंत्री का रात्रि ठहराव गोंदपुर जयचंद में रहेगा।-

===============================================SOLAN,दिनांक 13.02.2026


ए.बी.डी.एम. के तहत सभी स्वास्थ्य संस्थानों का पंजीकरण अनिवार्य - डॉ. पाठक

सोलन ज़िला के सभी सरकारी एवं निजी स्वास्थ्य संस्थानों का आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत पंजीकरण किया जाएगा। यह जानकारी मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अजय पाठक ने आज यहां दी।
डॉ. पाठक ने कहा कि आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत सभी सरकारी एवं निजी स्वास्थ्य संस्थानों का अनिवार्य पंजीकरण किया जाना है। इन पंजीकरण से सभी स्वास्थ्य संस्थान राष्ट्रीय डिजिटल स्वास्थ्य प्रणाली से जुड़ सकेंगे।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने कहा कि सभी सरकारी व निजी अस्पताल, क्लीनिक, डायग्नोस्टिक लैब, फार्मेसी तथा मेडिकल स्टोर और सभी प्रकार की चिकित्सा पद्धतियों से सम्बन्धित स्वास्थ्य संस्थानों का पंजीकरण अनिवार्य है।
उन्होंने कहा कि पंजीकरण के लिए पते का प्रमाण, भवन का स्पष्ट फोटो और वैध पंजीकरण प्रमाण पत्र आवश्यक है।
उन्होंने सभी स्वास्थ्य संस्थानों से आग्रह किया है कि इन दस्तावेज़ों की प्रतियों के साथ आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन (ए.बी.डी.एम.) पोर्टल पर अपना पंजीकरण करवाएं।
अधिक जानकारी एवं पंजीकरण के लिए ए.बी.डी.एम. के आधिकारिक पोर्टल https://nhpr.abdm.gov.in का उपयोग करें।
उन्होंने कहा कि जानकारी अथवा तकनीकी सहायता के लिए मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय सोलन के कमरा नम्बर 132 में आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के ज़िला समन्वयक रविन्द्र कुमार से सम्पर्क किया जा सकता है।

=======================================

सेना भर्ती कार्यालय, पालमपुर द्वारा भर्ती की अधिसूचना जारी

उमीदवार 13 फरवरी से 1 अप्रैल तक आधिकारिक वेबसाइट पर करें ऑनलाइन पंजीकरण

चम्बा, 13 फरवरी-र्ती निदेशक, सेना भर्ती कार्यालय, पालमपुर ने जानकारी देते हुए बताया कि भर्ती वर्ष 2027 के लिए अधिसूचना भारतीय सेना की आधिकारिक वेबसाइट डब्लयुडब्लयुडब्लयु.जोइनईडियनआर्मी.एनआईसी.इन (www.joinindianarmy.nic.in) पर जारी कर दी गई है। यह अधिसूचना अग्निवीर सामान्य ड्यूटी, अग्निवीर तकनीकी, अग्निवीर क्लर्क/एस के टी, अग्निवीर ट्रेड् मैन (दसवीं पास), अग्निवीर ट्रेड् मैन (आठवीं पास) तथा अग्निवीर वुमन एम पी के पदों के लिए जारी की गई है।

इच्छुक एवं पात्र उम्मीदवार 13 फरवरी 2026 से 1 अप्रैल 2026 तक भारतीय सेना की आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से ऑनलाइन पंजीकरण कर सकते हैं।

ऑनलाइन पंजीकरण से संबंधित किसी भी प्रकार की समस्या होने पर अभ्यर्थी सेना भर्ती कार्यालय, पालमपुर की ईमेल आईडी एआरओपालमपुर @जीमेल.कॉम (aropalampur@gmail.com) पर संपर्क कर सकते हैं।

उम्मीदवारों को यह भी सूचित किया गया है कि पंजीकरण के लिए ईमेल आईडी और आधार कार्ड मोबाइल नंबर से लिंक होना अनिवार्य है।