चंडीगढ़, 26.08.26-: लघु उद्योग भारती, चंडीगढ़ की कार्यकारिणी सदस्यों की महत्वपूर्ण बैठक होटल पेलिकन, चंडीगढ़ में आयोजित की गई। बैठक में दिल्ली से पधारे स्वदेशी जागरण मंच के अखिल भारतीय सह-संगठक श्री सतीश कुमार जी एवं त्रिप्रांतीय संगठक श्री विनय कुमार जी ने उपस्थित उद्योग जगत के प्रतिनिधियों को मार्गदर्शन प्रदान किया।

कार्यक्रम का मंच संचालन श्री राकेश रतन अग्रवाल जी ने किया। इस अवसर पर स्वदेशी जागरण मंच, चंडीगढ़ इकाई से श्री भीम सैन अग्रवाल जी भी उपस्थित रहे।

बैठक को संबोधित करते हुए श्री सतीश कुमार जी ने स्थानीय स्तर पर निर्मित उत्पादों को बढ़ावा देने और “लोकल के लिए वोकल” की भावना को मजबूत करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि स्थानीय उत्पादों को प्राथमिकता देने से देश के निर्माताओं, लघु उद्योगों और रोजगार को मजबूती मिलेगी। उन्होंने विशेष रूप से स्थानीय मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा देने और निर्माताओं को बेहतर बाजार उपलब्ध कराने की आवश्यकता पर बल दिया।

भारतीय एक्सपोर्टर्स फोरम से श्री हरीश दुआ जी ने भी बैठक में भाग लिया और उद्योगपतियों को एक्सपोर्ट हाउस शुरू करने की प्रक्रिया एवं निर्यात के क्षेत्र में उपलब्ध अवसरों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी एवं मार्गदर्शन दिया। उन्होंने बताया कि छोटे एवं मध्यम उद्योग भी उचित जानकारी, गुणवत्ता और सही बाजार रणनीति के माध्यम से अंतरराष्ट्रीय बाजार में अपने उत्पाद पहुंचा सकते हैं।

लघु उद्योग भारती, चंडीगढ़ के अध्यक्ष श्री अवि भसीन जी ने सभी विशिष्ट अतिथियों का स्वागत किया तथा शॉल भेंट कर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि चंडीगढ़ के MSME क्षेत्र को मजबूत करने के लिए स्थानीय बाजार के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी नए अवसर तलाशना समय की आवश्यकता है।

बैठक में विभिन्न व्यापारिक एवं औद्योगिक संगठनों के प्रतिनिधियों की उपस्थिति रही। इनमें श्री संजीव चड्ढा – व्यापार मंडल, श्री कैलाश जैन – उद्योग व्यापार मंडल, श्री हरीश गर्ग – CAIT, श्री योगेश कपूर – व्यापारी एकता मंच तथा श्री भरत कुमार – चंडीगढ़ फर्नीचर एसोसिएशन प्रमुख रूप से शामिल रहे।

लघु उद्योग भारती, चंडीगढ़ के महासचिव श्री मनीष निगम सहित कार्यकारिणी सदस्यों ने भी बैठक में सक्रिय सहभागिता की।

बैठक में स्वदेशी उत्पादों, स्थानीय विनिर्माण, MSME क्षेत्र को मजबूत करने, निर्यात को बढ़ावा देने तथा आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को आगे बढ़ाने को लेकर सार्थक विचार-विमर्श हुआ।