मंडी, 28 सितम्बर:जिला स्तरीय निर्माणाधीन सिंचाई योजनाओं के तहत प्रस्तावित सिंचाई क्षेत्र कापूर्ण दोहन करने व इन योजनओं का किसानों व बागवानों को शत प्रतिशत लाभ पहुंचाया जा सके। इस उद्धेश्य की पूर्ति केलिए आज उपायुक्त ऋग्वेद ठाकुर की अध्यक्षता में सम्बन्धित विभागीय अधिकारियों केसाथ जिला स्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता करते हुए ऋग्वेद ठाकुर ने कहाकि वर्तमान में जिला में सिंचाई योजनाएं लोगों की मांग के अनुरूप बनाई गई हैंपरन्तु कईं क्षेत्रों में किसान व बागवान इन योजनाओं का लाभ नहीं उठा रहे हैं।उन्होंने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसानों व बागवानों कोअधिक से अधिक जागरूक करें ताकि वे इन योजनाओं का लाभ उठाकर अपनी आय कोदुगना कर सकें।


उन्होंने जल शक्ति विभाग के अधिकारियों कोयह भी निर्देश दिए कि भविष्य में सिंचाई योजनाएं बनाते समय योजना के तहतअधिक से अधिक किसानों को कवर करने के लिए ‘क्रोपिंग पैटर्न चेंजञ पर विशेषध्यान दें ताकि सिंचाई योजनाओं का शत प्रतिशत उपयोग किया जा सके। उन्होंनेबताया कि जिला में 59 सिंचाई योजनाएं निर्माणाधीन हैं जिससे 4500 हैक्टेयर भूमिपर सिंचाई सुविधा उपलब्ध होगी। उन्होंनेकहा कि कृषि, बागवानी, पशुपालन व ग्रामीण विकास विभाग आपसी तालमेल केसाथ योजनाओं का निर्माण करें। उन्होंने कहा कि शिविर आयोजित कर किसानोंको नवीन कृषि उपकरणों व तकनीकी बारे प्रशिक्षित करें ताकिकिसानों-बागवानों की पैदावार व आय में वृद्धि सुनिश्चित की जा सके।
उपायुक्त ने जंजहैली व धर्मपुर में बनने वाली पर्वतधारा योजना के तहत प्रस्तावित कार्यों बारे सम्बन्धित विभागों को निर्देश दिए किवे अपने विभाग से सम्बन्धित प्रस्ताव शीघ्र प्रस्तुत करें ताकि इस योजना को अंतिमरूप दिया जा सके। इस अवसर पर अधिशाषी अभियंता (डिजाईन)जल शक्ति विभाग सत्य शर्मा, उप निदेशक पशुपालन विभाग संजय शर्मा, वनमण्डलाधिकारी मुंशी राम, परियोजना अधिकारी डीआरडीए नवीन कुमार, जिला राजस्वअधिकारी राजीव सांख्यान, उप निदेशक कृषि कुलदीप वर्मा, भू-संरक्षणअधिकारी नरेश कुमार उपस्थित रहे।