MOHALI,15.05.19-पंजाब सरकार की ओर से आर्थिक तौर पर कमजोर वर्ग के लोगों को घर बनाकर न देने के विरोध में बुधवार को मोहाली में कैप्टन अमरिंदर सिंह की फोटो को खून के चम्मचे पिलाए गए। पीड़तों ने कहा की सरकार ने आर्थिक तौर पर कमजोर लोगों के साथ सस्ते मकान के नाम पर धक्का किया है। इस चुनाव में वे सरकार को सबक सिखाएंगे।

मोहाली में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान समाज सेवक सतनाम सिंह दाउ ने पत्रकारों के साथ बातचीत में कहा कि सरकार में 2016 में आर्थिक तौर पर कमजोर वर्ग के लोगों के लिए एक पॉलिसी बनाई थी। जिसके तहत सस्ते मकान देने का जुमला फेंका था। जिसे बाद में पूरे
पंजाब की नगर परिषदों,गमाडा,पूडा की जमीन पर जिनमें खास तौर पर खरड़, जीरकपुर,
डेराबस्सी,लालडू,बनूड,पटियाला, मोहाली के परिवारों जिन की आमदन तीन से छह लाख थी। उनको मकान देने के लिए विज्ञापन निकाला गया था। इस के बाद ड्रा भी निकाला गया। ड्रा में काफी घपलेबाजी सामने आई।
दाऊ ने कहा की सत्ता में आने से पहले कांग्रेस सरकार ने कहा था कि सत्ता में आने के बाद वे घर दिलवाएंगे,लेकिन दाई साल में हुआ कुछ नहीं,इस मामले को अलग अलग विभागों के मंत्रियों की ओर से मौजूद मुख्यमंत्री के समक्ष भी उठाया गया है,लेकिन इसके बावजूद कोई कार्रवाई आज तक नही हुई। दाऊ व अन्य पदाधिकारियों ने कहा कि सरकार ने आर्थिक तौर पर कमजोर लोगों के साथ धक्का किया है। इस चुनाव में वे सरकार को सबक सिखाएंगे। आर्थिक तौर पर कमजोर लोग कैप्टन सरकार को सबक सिखाए जिने के साथ झूठे वायदे किए गए।
वही डेराबस्सी निवासी पीड़ित कुलवंत सिंह ने कहा की पीछे 20 वर्षो से किराये के मकान में रह रहे हां,जब सरकार ने आर्थिक तौर पर कमजोर वर्ग के लोगों के लिए मकान देने का इश्तिहार जारी किया,तो उन्होंने भी अप्लाई कर दिया की अब तो उन्हके पास भी अपनी छत्त होगी,
लेकिन साल दर साल लारे ही मिलते रहे,बड़े बड़े वायदे करके सत्ता में आयी कॉग्रेस सरकार को भी सत्ता में आए ढाई साल के करीब हो चुके है,इसके ,बावजूद कुछ नहीं हुआ और अब मकान को लेकर उम्मीद भी ख़त्म हो चुकी है।