बिलासपुर 01 जुलाई: उद्योग विभाग के सौजन्य से सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय के राइजिंग एंड एक्सीलरेटिंग एमएसएमई परफॉर्मेंस (रैंप) कार्यक्रम के अंतर्गत आज बीडीओ कार्यालय झंडूता में एक दिवसीय जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में 30 से अधिक प्रतिभागियों को डिजिटल व्यापार, ई-कॉमर्स और जैम पोर्टल के प्रति जागरूक किया गया।
इस बारे जानकारी देते हुए प्रसार अधिकारी उद्योग बिलासपुर पूनम ने बताया कि कार्यशाला में प्रतिभागियों को वर्तमान प्रतिस्पर्धी युग में पारंपरिक तरीकों से निकलकर आधुनिक व्यावसायिक तौर-तरीकों को अपनाने बारे जागरूक किया गया। साथ ही बताया कि समय में उद्यमिता प्रशिक्षण और डिजिटल बाजार (ई-कॉमर्स) की समझ ही किसी भी छोटे व्यवसाय को बड़े मुकाम तक पहुंचा सकती है। इस दौरान प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम जैसी योजनाओं पर भी प्रकाश डाला तथा युवा और महिलाएं सरकारी वित्तीय सहायता, बैंक ऋण और भारी सब्सिडी का लाभ उठाकर अपनी नई विनिर्माण या सेवा इकाई स्थापित कर सकते हैं।
इस दौरान आयोजित प्रथम सत्र (उद्यमिता व ई-कॉमर्स) में मुख्य प्रशिक्षक ऋषि गौतम ने नए दौर में प्रभावी उद्यमिता कौशल और ई-कॉमर्स रणनीतियों के महत्व से अवगत कराया। उन्होंने व्यावहारिक प्रशिक्षण देते हुए ऑनलाइन स्टोर स्थापित कर, डिजिटल भुगतान प्रणालियों को अपनाकर छोटे उद्योग अपने व्यापार का दायरा बढ़ा सकते हैं। द्वितीय सत्र (क्लस्टर डेवलपमेंट) में वरिष्ठ सलाहकार (रैंप) आशुतोष शर्मा ने माइक्रो एंड स्मॉल एंटरप्राइजेज-क्लस्टर डेवलपमेंट प्रोग्राम योजना को लेकर जानकारी प्रदान की। उन्होंने महिलाओं को समूह अथवा क्लस्टर बनाकर सामूहिक व्यापार के लाभ बारे भी बताया। इसी तरह आयोजित तृतीय सत्र (जैम पोर्टल) में इशांत डोगरा ने प्रतिभागियों को जैम पोर्टल के बारे में विस्तार से समझाया।