रूकमणी कुंड (बिलासपुर), 13 अप्रैल: नगर व ग्राम नियोजन, आवास, तकनीकी शिक्षा, व्यावसायिक एवं औद्योगिक प्रशिक्षण मंत्री राजेश धर्माणी ने आज जिला बिलासपुर के ऐतिहासिक एवं प्रमुख धार्मिक स्थल माता रूकमणी कुंड में बैसाखी पर्व के अवसर पर आयोजित तीन दिवसीय मेले का विधिवत शुभारंभ किया। उन्होंने माता रूकमणी की विधिवत पूजा अर्चना भी की तथा क्षेत्र व प्रदेश की सुख समृद्धि की भी कामना की।
इस पर उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए तकनीकी शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी ने कहा कि मां रुक्मणी के पावन स्थल पर आयोजित होने वाला यह मेला न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक है, बल्कि मां रुक्मणी के त्याग और बलिदान की प्रेरणादायक गाथा को भी जीवंत करता है। उन्होंने कहा कि समाज में प्राचीन समय से ही महिलाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण रही है, जो सदैव परिवार और समाज के लिए त्याग एवं समर्पण का परिचय देती हैं।
उन्होंने कहा कि इतिहास में कई ऐसी घटनाएं दर्ज हैं, जहां महिलाओं ने समाज और मानवता के लिए सर्वोच्च बलिदान दिया हैं। उन्होंने महिलाओं के इन बलिदानों को स्मरण करते हुए समाज में महिलाओं के प्रति सम्मान, संवेदनशीलता और समानता का भाव विकसित करने की आवश्यकता पर बल देते हुए रूकमणी कुंड मेले के इस पावन अवसर पर महिलाओं के प्रति सम्मानजनक दृष्टिकोण अपनाने का संकल्प लेने का भी आह्वान किया।
तकनीकी शिक्षा मंत्री ने कहा कि रुक्मणी कुंड क्षेत्र न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि आसपास के गांवों में पेयजल एवं सिंचाई की व्यवस्था में भी इसकी अहम भूमिका रही है। उन्होंने इस स्थल के समुचित विकास पर बल देते हुए कहा कि यहां निर्मित सामुदायिक भवन, स्नानागार एवं अन्य सार्वजनिक परिसंपत्तियों का संरक्षण और रखरखाव सुनिश्चित किया जाना चाहिए। उन्होंने स्थानीय प्रतिनिधियों एवं संबंधित विभागों से अपेक्षा की कि वह इन परिसंपत्तियों का संचालन जिम्मेदारी और पारदर्शिता के साथ सुनिश्चित बनाएंगे।
उन्होंने कहा कि मुख्य मंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू द्वारा वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए प्रस्तुत बजट प्रदेश की ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान करने वाला है। उन्होंने कहा कि बजट में किसानों, बागवानों, पशुपालकों, मछुआरों की आर्थिकी को सुदृढ़ बनाने के लिए कई अहम घोषणाएं की हैं। उन्होंने कहा कि बजट में गाय के दूध का क्रय मूल्य को 51 रूपये प्रति लीटर से बढ़ाकर 61 रूपये जबकि भैंस के दूध का क्रय मूल्य 61 रूपये से बढ़ाकर 71 रूपये प्रति लीटर किया है। सरकार के इस कदम से न केवल ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी बल्कि पैसा सीधे किसानों के हाथ में जाएगा। इसके अतिरिक्त प्राकृतिक तौर पर तैयार गेंहू, मक्की तथा हल्दी के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य भी निर्धारित किया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने मछुआरों के लिए रॉयल्टी को पहले 15 प्रतिशत से घटाकर साढ़े सात प्रतिशत जबकि चालू वित्तीय वर्ष में इसे घटाकर मात्र एक प्रतिशत कर दिया है। इसके अतिरिक्त मछली का न्यूनतम समर्थन मूल्य 100 रूपये प्रति किलो जबकि प्रजनन काल के लिए 35 सौ रूपये की सम्मान निधि भी निर्धारित की है। इसके अतिरिक्त रेशम कीट पालकों के लिए भी न्यूनतम समर्थन मूल्य तय किया है।
राजेश धर्माणी ने कहा कि प्रदेश सरकार 2 मैगावाॅट तक के सोलर पाॅवर प्लांट स्थापित करने के लिए 40 प्रतिशत तक उपदान प्रदान कर रही है तथा तैयार बिजली को साढ़े तीन रूपये प्रति युनिट की दर से खरीद रही है। इसके अतिरिक्त होमस्टे इकाई स्थापित करने के लिए सरकार अनुदान प्रदान कर रही है।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश के समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध है और मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू के नेतृत्व में जनकल्याणकारी योजनाओं को प्रभावी रूप से लागू किया जा रहा है। सीमित आर्थिक संसाधनों के बावजूद सरकार प्राथमिकता के आधार पर विकास कार्यों को आगे बढ़ा रही है तथा भविष्य में भी आवश्यक परियोजनाओं को चरणबद्ध तरीके से पूर्ण किया जाएगा। उन्होंने कहा कि राजस्व अनुदान घाटा बंद होने के वाबजूद राज्य सरकार ने प्रदेश हित में कठोर कदम उठाते हुए 3800 करोड़ रूपये का अतिरिक्त राजस्व अर्जित किया है।
उन्होंने कहा कि क्षेत्र के औहर में एक बड़ी पर्यटन इकाई स्थापित की जा रही है जिससे आने वाले समय में इस क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों को न केवल बल मिलेगा बल्कि स्थानीय लोगों को रोजगार व स्वरोजगार के अवसर पर प्राप्त होंगे। उन्होंने कहा कि रूकमणी कंड के समग्र विकास के लिए एक मास्टर प्लान तैयार किया जाएगा जिस बारे उन्होंने एसडीएम झंडूता को निर्देश दिये।
इस अवसर पर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव विवेक कुमार ने भी अपने विचार साझा किये।
इस अवसर पर एसडीएम झंडूता अर्शिया शर्मा, बीडीओ संजीव कुमार, राजेश ठाकुर बिटटू सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।