विश्व पर्यावरण दिवस पर गांधी स्मृति वाटिका, कोतवाली बाजार धर्मशाला में गोष्ठी एवं जागरूकता रैली का आयोजन
धर्मशाला, 3 जून: हिमाचल प्रदेश कृषि विश्वविद्यालय के सेवानिवृत्त प्रोफेसर अंजन कुमार कालिया ने जानकारी देते हुए बताया कि धर्मशाला एवं आसपास के क्षेत्रों में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से वर्ष 2019 से प्रत्येक वर्ष विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर गांधी स्मृति वाटिका, कोतवाली बाजार धर्मशाला में गोष्ठी एवं जागरूकता रैली का आयोजन किया जाता रहा है।
उन्होंने बताया कि इसी क्रम में इस वर्ष भी 5 जून 2026 को प्रातः 9 बजे से दोपहर 12ः30 बजे तक विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। कार्यक्रम में धर्मशाला तथा आसपास के क्षेत्रों की अनेक सामाजिक एवं पर्यावरणीय संस्थाएं भाग लेंगी। इनमें जन चेतना, एजुकेयर इंडिया, वेस्ट वॉरियर्स, नगर निगम धर्मशाला, जागोरी, धर्मशाला एनवायरमेंट ग्रुप, धौलाधार क्लीनर्स, निष्ठा, केंद्रीय तिब्बती प्रशासन, भारतीय स्टेट बैंक धर्मशाला तथा व्यापार मंडल धर्मशाला सहित अन्य संस्थाओं की सहभागिता रहेगी।
कार्यक्रम के दौरान पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता, कचरा प्रबंधन, जल संरक्षण तथा जलवायु परिवर्तन जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श किया जाएगा। इसके अतिरिक्त पर्यावरण संरक्षण का संदेश जन-जन तक पहुंचाने के लिए एक जागरूकता रैली भी निकाली जाएगी।
प्रोफेसर कालिया ने बताया कि संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (यूएनईपी) द्वारा निर्धारित इस वर्ष के विश्व पर्यावरण दिवस की थीम अब जलवायु के लिए है। इसी विषय को केंद्र में रखते हुए प्रतिभागियों को जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों तथा उनके समाधान के प्रति जागरूक किया जाएगा।
उन्होंने धर्मशाला एवं आसपास के क्षेत्रों के नागरिकों, विद्यार्थियों, सामाजिक संगठनों तथा पर्यावरण प्रेमियों से इस कार्यक्रम में बढ़-चढ़कर भाग लेने और पर्यावरण संरक्षण के लिए सामूहिक प्रयासों को मजबूत बनाने का आह्वान किया।
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मध्यस्थता राष्ट्र के लिए 2.0 अभियान के तहत लंबित मामलों के निस्तारण का अवसर
मंडी, 03 जून। अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी एवं सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, मंडी विवेक कायस्थ ने जानकारी दी है कि राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (NALSA) द्वारा "मध्यस्थता एवं सुलह परियोजना समिति (एमसीपीसी)" के मार्गदर्शन में "मध्यस्थता राष्ट्र के लिए 2.0 अभियान" चलाया जा रहा है। इस अभियान का उद्देश्य न्यायालयों में लंबित मामलों का आपसी सहमति एवं संवाद के माध्यम से त्वरित एवं सौहार्दपूर्ण समाधान करना है।
उन्होंने बताया कि इस अभियान के अंतर्गत विवाह एवं पारिवारिक विवाद, मोटर वाहन दुर्घटना दावा मामले, घरेलू हिंसा से संबंधित मामले, चेक बाउंस मामले, वाणिज्यिक विवाद, सेवा संबंधी मामले, श्रम विवाद, उपभोक्ता मामले, भूमि अधिग्रहण संबंधी मामले तथा अन्य समझौता योग्य दीवानी एवं आपराधिक मामलों का निस्तारण मध्यस्थता के माध्यम से किया जा सकता है।
उन्होंने कहा कि मध्यस्थता एक ऐसी प्रक्रिया है जिसमें पक्षकारों के बीच उत्पन्न विवाद को एक प्रशिक्षित एवं निष्पक्ष मध्यस्थ की सहायता से आपसी सहमति के आधार पर सुलझाया जाता है। यह प्रक्रिया गोपनीय, सरल, समय एवं धन की बचत करने वाली तथा सौहार्दपूर्ण संबंधों को बनाए रखने में सहायक होती है।
सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, मंडी ने जनसाधारण से अपील की है कि वे इस अभियान का अधिकतम लाभ उठाएं तथा अपने लंबित विवादों के समाधान हेतु मध्यस्थता प्रक्रिया को अपनाकर न्याय प्राप्ति की दिशा में सकारात्मक कदम बढ़ाएं।
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एसएमटी ट्रेनी के 70 पदों के लिए मांगे आवेदन, साक्षात्कार 8 जून को मंडी में
मंडी, 03 जून। जिला रोजगार अधिकारी अरविंद सिंह चौहान ने रोजगार के इच्छुक आवेदकों को सूचित किया है कि डॉ. रेड्डीज लेबोरेटरीज प्रा. लिमिटेड, बद्दी (जिला सोलन) ने एसएमटी (सेल्फ मैनेज्ड टीम) ट्रेनी पदों के लिए 70 रिक्तियां अधिसूचित की हैं। कंपनी द्वारा चयनित अभ्यर्थियों को उत्पादन विभाग में मशीन संचालन से संबंधित कार्य करना होगा।
उन्होंने बताया कि इन पदों के लिए अभ्यर्थी का 12वीं (मेडिकल अथवा नॉन-मेडिकल) न्यूनतम 60 प्रतिशत अंकों के साथ उत्तीर्ण होना अनिवार्य है। जिन अभ्यर्थियों की शैक्षणिक योग्यता में कम्पार्टमेंट अथवा शिक्षा में गैप है, वे पात्र नहीं होंगे। केवल फ्रेशर अभ्यर्थी ही पात्र होंगे। अभ्यर्थियों की न्यूनतम आयु 18 से 20 वर्ष के मध्य होनी चाहिए तथा अविवाहित होना आवश्यक है। महिला अभ्यर्थी भी इन पदों हेतु पात्र हैं। उन्होंने बताया कि चयनित अभ्यर्थियों को 2.09 लाख रूपये वार्षिक वेतन प्रस्तावित किया गया है। इसके अतिरिक्त कंपनी द्वारा सब्सिडाइज्ड भोजन, आवास एवं परिवहन सुविधा उपलब्ध करवाने की बात कही गई है। कंपनी के अनुसार अभ्यर्थियों की आंखों की दृष्टि पूर्णतः सामान्य होनी चाहिए तथा हाथों का सामान्य रूप से कार्य करना आवश्यक है। कार्यस्थल कंपनी का परिसर बद्दी, जिला सोलन (हि०प्र०) रहेगा।
उन्होंने इच्छुक आवेदकों से अनुरोध किया है कि वे अपने सभी मूल शैक्षणिक प्रमाण पत्रों के साथ-साथ इन दस्तावेजों की एक-एक प्रति, 2 पासपोर्ट साईज फोटोग्राफ, आधार कार्ड, रोजगार कार्यालय पंजीकरण पत्र व अपना नवीनतम बायोडाटा, क्लिपबोर्ड और बॉल पेन साथ लेकर 08 जून, 2026, सोमवार को जिला रोजगार कार्यालय, मण्डी (खलियार) जिला मण्डी, में साक्षात्कार के लिए प्रातः 10.30 बजे उपस्थित हों।
उन्होंने बताया कि इस साक्षात्कार के लिए किसी भी प्रकार का यात्रा भत्ता नहीं दिया जाएगा। अधिक जानकारी के लिए दूरभाष नंबर 01905-235508 पर भी सम्पर्क कर सकते हैं।
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30 जून तक बनवाएं अपने परिवार के हिम केयर कार्ड
HAMIRPUR, 03.06.26-प्रदेश सरकार द्वारा प्रायोजित स्वास्थ्य योजना हिमकेयर के अंतर्गतपंजीकृत सरकारी अस्पताल में दाखिल होने पर परिवार को पांच लाख रूपए तक केमुफ्त इलाज की सुविधा मिलती है l हिमकेयर के अंतर्गत स्मार्ट कार्ड बनानेकी सुविधा लोकमित्र केंद्रों, साइबर कैफे या आवेदक स्वयं www.hpsbys.inवेबसाइट पर, आधार कार्ड, राशन कार्ड, मोबाइल नंबर और श्रेणी प्रमाण पत्रअपलोड करवा कर और निर्धारित प्रीमियम का भुगतान कर बनवा सकते है lहिमकेयर योजना के अंतर्गत श्रेणियों को ध्यान में रखते हुए प्रीमियम कीदरें तय की गई हैं।मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. अजय कुमार अत्री ने बताया की अब नया कार्डपंजीकरण साल में सिर्फ मार्च, जून, सितम्बर और दिसंबर महीने में ही होगा और अब 1 जून से लेकर 30 जून 2026 तक ही नया कार्ड पंजीकरणप्रक्रिया जारी रहेगी l इसके अलावा कार्ड का नवीनीकरण भी 30 जून 2026तक करवा सकते हैं l इन कार्डों की वैद्यता 1 साल के लिए होगी l योजनाके अंतर्गत लोकमित्र केंद्र या कॉमन सर्विस सेंटर में नामांकन करने औरदस्तावेजों को अपलोड करने के लिए लाभार्थी से प्रीमियम ( पहली श्रेणी :बी.पी.एल, मनेरेगा, रजिस्टर्ड रेहड़ी – फेरी वाले 0 प्रीमियम दे कर अपनाहिम केयर कार्ड बनवा सकते हैं l दूसरी श्रेणी : एकल नारी , 40 प्रतिशतसे अधिक विकलांग, दैनिक भोगी, संविदा कर्मचारी, अंशकालिक कर्मचारी,आउट्ससोर्स कर्मचारी , 365 रुपये दे कर अपना हिम केयर कार्ड बनवा सकतेहैं l तीसरी श्रेणी : जो लाभार्थी पहली और दूसरी श्रेणी में नहीं आतेहैं और न ही वह सरकारी कर्मचारी और पेन्सनर या उनके आश्रित परिवार केसदस्य नहीं हैं 1000 रूपये देकर अपना हिम केयर कार्ड बनवा सकते हैं l )के अतिरिक्त 50 रूपए का शुल्क लिया जाएगा। योजना में विभिन्न प्रकार कीआम व गंभीर बीमारियों को शामिल किया गया है। लाभार्थी प्रदेश में हिमकेयरकार्ड के अंतर्गत पंजीकृत सरकारी अस्पतालों के अलावा पंजीकृत निजीअस्पतालों( केवल डायलिसिस मरीज के लिए ) में जाकर मुफ्त इलाज करवा सकतेहैं। इसके अतिरिक्त पी. जी. आई. चंडीगढ़ और एम्स बिलासपुर में भी इसकार्ड पर मुफ्त इलाज की सुविधा उपलब्ध है|अत: सभी लाभार्थियों से अनुरोध है की अपना हिम केयर कार्ड समय पर बनवालें अन्यथा मुसीबत के समय गंभीर समस्या का सामना करना पड़ सकता है l