हमीरपुर 20 जनवरी। जिला मुख्यालय हमीरपुर में कई दशकों से महसूस की जा रही कला, संस्कृति और साहित्यिक गतिविधियों की कमी को दूर करने के लिए नगर निगम आने वाले समय में एक विशेष पहल करने जा रही है। इसके लिए कला, संस्कृति और साहित्य से जुड़े शहर के प्रबुद्ध नागरिकों, साहित्यकारों और लोक कलाकारों को जोड़ने की मुहिम शुरू की जाएगी तथा टाउन हॉल को सांस्कृतिक गतिविधियों के केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा। नगर निगम के आयुक्त राकेश शर्मा ने इस संबंध में मंगलवार को निगम के अधिकारियों, पूर्व पार्षदों और विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक करके व्यापक विचार-विमर्श किया।
राकेश शर्मा ने कहा कि नगर निगम का टाउन हॉल बिल्कुल शहर के बीचों-बीच स्थित है। यहां आम नागरिकों की पहुंच बहुत ही आसान है। इसलिए, यहां समय-समय पर कई सरकारी, सामाजिक और निजी कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। लेकिन, टाउन हॉल में बेहतरीन सुविधाओं के बावजूद यहां कला, संस्कृति और साहित्य आदि से जुड़े आयोजन बहुत कम होते हैं। आयुक्त ने कहा कि कला, संस्कृति और साहित्यिक गतिविधियों को प्रोत्साहित करने के लिए नगर निगम विशेष पहल करेगी तथा इन गतिविधियों से जुड़े प्रबुद्ध नागरिकों को जोड़कर एक उपयुक्त संस्था के गठन की दिशा में कार्य करेगी। आने वाले समय में शहर के प्रबुद्ध नागरिकों, साहित्यकारों, लोक कलाकारों, अन्य कला एवं साहित्यप्रेमियों के साथ व्यापक चर्चा के बाद इसकी रूपरेखा तय की जाएगी।
आयुक्त ने इसके लिए सभी हमीरपुरवासियों से सुझाव एवं सहयोग देने की अपील भी की। इस अवसर पर निगम के अतिरिक्त आयुक्त रामप्रसाद शर्मा ने हमीरपुर में कला, संस्कृति एवं साहित्यिक गतिविधियों की संभावनाओं की चर्चा की। बैठक में पूर्व पार्षद राजेश चौधरी, राज चौधरी, निशांत शर्मा, एसडीओ अश्वनी ठाकुर और अन्य अधिकारियों ने भी भाग लिया।