घुमारवीं (बिलासपुर), 27 सितम्बर: नगर व ग्राम नियोजन, आवास, तकनीकी शिक्षा, व्यावसायिक एवं औद्योगिक प्रशिक्षण मंत्री राजेश धर्माणी ने कहा कि शिक्षा और स्वास्थ्य प्रदेश सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है तथा गुणवत्तापूर्ण सेवाएं सुनिश्चित बनाने की दिशा में अनेक कदम उठा रही है। राजेश धर्माणी आज बिलासपुर जिला के घुमारवीं विकास खंड की ग्राम पंचायत लद्दा में आयोजित सरकार गांव के द्वार कार्यक्रम की अध्यक्षता करते रहे थे। इस दौरान उन्होंने लगभग 30 विभिन्न शिकायतें एवं प्राप्त मांगों को सुना तथा अधिकारियों को समयबद्ध उचित निर्णय लेने के निर्देश दिये।
उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य केवल शिक्षण एवं स्वास्थ्य संस्थान खोलना नहीं, बल्कि उनमें पर्याप्त स्टाफ, आधुनिक सुविधाएं और गुणवत्तापूर्ण सेवाएं उपलब्ध करवाना है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के नए मेडिकल कॉलेजों में पीजी की पढ़ाई शुरू की गई हैं तथा आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए जायका के सहयोग से लगभग 3,000 करोड़ रुपये की परियोजना को स्वीकृति मिली है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध करवाने के लिए प्रदेश सरकार ने सीबीएसई स्कूलों को शुरू किया है, जिनके आने वाले समय में बेहतर परिणाम देखने को मिलेंगे।
उन्होंने ‘सरकार गांव के द्वार’ कार्यक्रम का उल्लेख करते हुए कहा कि इसका मुख्य उद्देश्य प्रशासन और जनता के बीच सीधा संवाद स्थापित कर ग्रामीणों की समस्याओं का मौके पर समाधान सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि कई बार छोटी-छोटी समस्याओं के समाधान के लिए लोगों को विभिन्न कार्यालयों के चक्कर लगाने पड़ते हैं। इस कार्यक्रम के माध्यम से विभागीय अधिकारियों की मौजूदगी में न केवल लोगों की समस्याओं को सुना जा रहा है बल्कि समयबद्ध निपटारा भी सुनिश्चित बनाया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि सरकार ने राजस्व मामलों के त्वरित निपटारे के लिए विशेष राजस्व अदालतें भी आयोजित की हैं, जिनके माध्यम से अब तक प्रदेश भर में लगभग सात लाख से अधिक लंबित मामलों का समाधान किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि उपमंडल तथा जिला स्तर पर शिकायत निवारण समितियों के माध्यम से भी लोगों की समस्याओं का समाधान किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार ने घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र सहित जिला बिलासपुर में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ किया है। उन्होंने कहा कि घुमारवीं नागरिक चिकित्सालय में 9 विशेषज्ञ चिकित्सक जबकि क्षेत्रीय अस्पताल बिलासपुर में भी 21 विशेषज्ञ चिकित्सक अपनी सेवाएं प्रदान कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि घुमारवीं अस्पताल में प्रतिदिन 800 से 1000 मरीजों का ओपीडी में चेकअप किया जा रहा है तथा स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करना सरकार की प्रतिबद्धता है।
राजेश धर्माणी ने कहा कि सरकार वर्ष 2032 तक हिमाचल प्रदेश को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में कार्य कर रही है। विकसित हिमाचल के लिए प्रत्येक गांव में बेहतर शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, पेयजल, बिजली और कानून-व्यवस्था की सुविधाएं सुनिश्चित करना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि जनता का सहयोग ही सरकार की सबसे बड़ी ताकत है।
उन्होंने स्थानीय लोगों की मांग पर कहा कि जाहू से बम्म, लद्दा, घुमारवीं होते हुए एम्स के लिए बस सेवा शुरू की जाएगी, जिस बारे वह जल्द ही मुख्यमंत्री तथा उपमुख्यमंत्री से बात करेंगे। उन्होंने महिला मंडल लद्दा के मरम्मत कार्य के लिए 1 लाख रुपये तथा महिला मंडल सलवाहण को सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत करने के लिए 15 हजार रुपये देने की घोषणा भी की।
इससे पहले उन्होंने विभिन्न विभागों द्वारा लगाई प्रदर्शनी का भी अवलोकन किया।
इस अवसर पर पूर्व विधायक तिलक राज शर्मा, जिला कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष अंजना धीमान हिमकोफैड के निदेशक आशीष ठाकुर, पूर्व जिला पार्षद गौरव शर्मा, स्थानीय पंचायत प्रधान पुष्पा देवी, उप-प्रधान भूपेंद्र सिंह सहित आसपास की ग्राम पंचायतों के प्रतिनिधियों सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।