नाट्य उत्सव के दूसरे दिन “एक लड़की, पांच दीवाने” और “जहर” नाटकों का हुआ सफल मंचन
उपायुक्त बिलासपुर राहुल कुमार ने की बतौर मुख्यातिथि शिरकत
बिलासपुर, 19 मार्च: राज्य स्तरीय नलवाड़ी मेला के अवसर पर आयोजित किये जा रहे नाट्य उत्सव के दूसरे दिन “एक लड़की, पांच दीवाने” और “जहर” नाटकों का सफल मंचन किया गया। भाषा, कला एवं संस्कृति विभाग के ऑडिटोरियम में आयोजित किये जा रहे नाट्य उत्सव के दूसरे दिन उपायुक्त बिलासपुर राहुल कुमार ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक संदीप धवल तथा अतिरिक्त उपायुक्त ओम कांत ठाकुर भी विशेष तौर पर मौजूद रहे।
इस अवसर पर उड़ान थिएटर ग्रुप बिलासपुर द्वारा प्रस्तुत नाटक “एक लड़की, पांच दीवाने” ने दर्शकों को खूब हंसाया। इस नाटक का निर्देशन अभिषेक डोगरा ने किया। नाटक की कहानी में दिखाया गया कि किस प्रकार पांच युवक एक लड़की से विवाह करने के लिए अलग-अलग तरीके अपनाते हुए उसे प्रभावित करने की कोशिश करते हैं। हास्य रस से भरपूर इस प्रस्तुति ने दर्शकों को गुदगुदाते हुए उनके दिलों पर गहरी छाप छोड़ी। इस नाटक में नवीन सोनी, अभिषेक सोनी, अनुभव, ईशान गौतम, पारुल चौहान, मिलाप शर्मा, दाक्षी, नक्श और निखिल ने अभिनय किया, जबकि संगीत का जिम्मा धीरज शर्मा ने संभाला।
इसके उपरांत “जहर” नाटक का मंचन किया गया, जिसका निर्देशन रंगकर्मी संजय सूद ने किया। इस नाटक में संजय सूद और निशांत रघु ने अभिनय किया।
मंच संचालन अरुण डोगरा एवं शालिनी शर्मा ने किया।
इस अवसर पर बड़ी संख्या में रंगकर्मी, कला प्रेमी एवं स्थानीय लोग उपस्थित रहे।
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साहित्य उत्सव में मुख्य वक्ता नीलोत्पल मृणाल को सुनने उमड़ी भीड़
राज्य स्तरीय नलवाड़ी मेला-2026 में साहित्य और संवेदना का हुआ भव्य संगम
बिलासपुर, 19 मार्च: राज्य स्तरीय नलवाड़ी मेला 2026 के अंतर्गत आज बहुउद्देशीय सांस्कृतिक भवन में आयोजित साहित्य उत्सव 2026 ने साहित्य, संस्कृति और विचारों का एक जीवंत मंच प्रस्तुत किया। कार्यक्रम का शुभारंभ उपायुक्त बिलासपुर राहुल कुमार द्वारा दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस अवसर पर मुख्य वक्ता नीलोत्पल मृणाल को सुनने के लिए अभूतपूर्व भीड़ उमड़ी और पूरा सभागार साहित्य प्रेमियों से खचाखच भरा नजर आया।
साहित्य उत्सव के मुख्य आकर्षण के रूप में प्रख्यात युवा साहित्यकार, कवि एवं साहित्य अकादमी युवा पुरस्कार से सम्मानित नीलोत्पल मृणाल ने “मेरे लिए साहित्य के मायने” विषय पर अपने विचार साझा किए। अपने ओजस्वी और भावपूर्ण संबोधन में उन्होंने कहा कि साहित्य समाज की आत्मा है, जो समय-समय पर समाज को दिशा देने का कार्य करता है। उन्होंने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि हिन्दी साहित्य केवल अतीत की धरोहर नहीं, बल्कि वर्तमान और भविष्य की सोच को आकार देने वाला सशक्त माध्यम है।
उन्होंने अपनी साहित्यिक यात्रा का उल्लेख करते हुए अपनी चर्चित कृतियों और लेखन अनुभवों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि उनकी रचनाएं आम जनजीवन, संघर्ष, सामाजिक असमानताओं और बदलते परिवेश की संवेदनाओं से प्रेरित हैं। इस दौरान उन्होंने अपनी कविताओं का सजीव पाठ किया, जिसने पूरे सभागार को मंत्रमुग्ध कर दिया। उनकी काव्य प्रस्तुति के दौरान श्रोताओं की तालियों की गूंज ने वातावरण को और अधिक भावपूर्ण बना दिया। विशेषकर युवा वर्ग ने उनके विचारों और कविताओं से गहरी प्रेरणा प्राप्त की और हिन्दी साहित्य की विशेषताओं को समझने की दिशा में नई रुचि दिखाई।
विशेष साहित्यिक सत्र के अंतर्गत आयोजित संवाद कार्यक्रम में जिला के प्रतिष्ठित साहित्यकारों ने भी सहभागिता की। इस अवसर पर सेवानिवृत्त हिन्दी प्रवक्ता एवं कवयित्री शीला सिंह, सेवानिवृत्त प्रधानाचार्य एवं हिन्दी-पहाड़ी कवि लेखक जीत राम सुमन, प्रोफेसर (एमेरिटस) डॉ. लेखराम शर्मा, सेवानिवृत्त अंग्रेजी प्रवक्ता एवं हिन्दी कवि रवीन्द्र नाथ भट्टा तथा पूर्व एच.पी.एस. अधिकारी एवं कवि डॉ. रवीन्द्र ठाकुर ने साहित्य के विविध आयामों पर अपने विचार रखे।
कार्यक्रम के अंतर्गत एक जागरूकता सत्र भी आयोजित किया गया, जिसमें विशेषज्ञ चिकित्सकों, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और आशा वर्कर्स ने भाग लेकर स्वास्थ्य, पोषण और सामाजिक जागरूकता से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर जानकारी साझा की। इसके साथ ही बहुभाषी कवि सम्मेलन का आयोजन भी किया गया, जिसमें जिला बिलासपुर के विभिन्न बोलियों के कवियों और स्थानीय रचनाकारों ने अपनी उत्कृष्ट प्रस्तुतियों दी।
इस अवसर पर उपायुक्त बिलासपुर राहुल कुमार ने कहा कि जिला प्रशासन का प्रयास है कि कला की सभी विधाओं से जुड़े प्रतिभाओं को नलवाड़ी मेले से जोड़ा जाए। इसी उद्देश्य से इस वर्ष नाट्य और साहित्य उत्सव का आयोजन किया गया है, ताकि स्थानीय कलाकारों और साहित्यकारों को सशक्त मंच प्रदान किया जा सके। उन्होंने कहा कि मेले को और अधिक भव्य एवं आकर्षक बनाने के लिए विभिन्न प्रकार की रचनात्मक और सांस्कृतिक गतिविधियों का आयोजन निरंतर किया जा रहा है, जिससे यह आयोजन जनसहभागिता का उत्सव बन सके।
इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त ओमकांत ठाकुर, सहायक आयुक्त राजकुमार सहित सभी संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।==================================
शिवम ट्रेडर्स, घुमारवीं ने अधिसूचित किए आईटीआई/बहुतकनीकी पास इलेक्ट्रीशियन के 25 पद
25 मार्च को उप रोजगार कार्यालय घुमारवीं तथा 27 मार्च को जिला रोजगार कार्यालय में होंगे साक्षात्कार
बिलासपुर, 19 मार्च: शिवम ट्रेडर्स, गांधी चैक घुमारवीं ने आईटीआई/बहुतकनीकी पास इलेक्ट्रीशियन के 25 पदों को अधिसूचित किया है। इन पदों के लिए 25 मार्च को उप रोजगार कार्यालय घुमारवीं में तथा 27 मार्च को जिला रोजगार कार्यालय बिलासपुर में प्रातः 10ः30 बजे से कैंपस इंटरव्यू का आयोजन किया जाएगा।
इस बारे जानकारी देते हुए जिला रोजगार अधिकारी बिलासपुर राजेश मेहता ने बताया कि इन पदों के लिए केवल योग्य पुरुष उम्मीदवार ही आवेदन कर सकते है। उन्होंने बताया कि इच्छुक उम्मीदवार आयु 18 से 45 वर्ष होनी चाहिए है। चयनित अभ्यर्थियों को 15,000 रुपये से 18,000 रुपये तक मासिक वेतन प्रदान किया जाएगा। उन्होंने बताया कि चयनित अभ्यर्थियों को सम्बन्धित कम्पनी द्वारा बिलासपुर, घुमारवीं, भराडी, कलोल, कंदरौर, बरठीं, तलाई तथा झंडूता में नियुक्त किया जाएगा। उन्होंने बताया कि जिनका नाम रोजगार कार्यालय में पंजीकृत नहीं है वो आॅनलाइन वेबसाइट eemis.hp.gov.in पर अपना आवेदन कर सकते है।
उन्होंने बताया कि इच्छुक उम्मीदवार अपने सभी आवश्यक दस्तावेजों सहित निर्धारित स्थान, तिथि व समय पर उपस्थित होकर कैंपस इंटरव्यू में भाग ले सकते हैं। इस सम्बन्ध में अधिक जानकारी के लिए दूरभाष नम्बर 01978-222450 पर सम्पर्क किया जा सकता है।
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चाइल्ड हेल्पलाइन 1098, संकट में बच्चों के लिए जीवन रेखा
महिला एवं बाल विकास विभाग ने जन जागरूकता को नलवाड़ी मेले में स्थापित किया है स्टाॅल
बिलासपुर, 19 मार्च: राज्य स्तरीय नलवाड़ी मेला-2026 में चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 का एक जागरूकता स्टाॅल लगाया गया है, जिसका उद्देश्य आमजन को बच्चों की सुरक्षा, अधिकारों तथा आपातकालीन सहायता सेवाओं के प्रति जागरूक करना है। अधिक जानकारी प्राप्त करने के लिए आमजन इस स्टाॅल का अवलोकन कर सकते हैं।
जिला कार्यक्रम अधिकारी नरेंद्र कुमार ने जानकारी देते हुए बताया कि चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 एक 24 घंटे निःशुल्क राष्ट्रीय आपातकालीन सेवा है, जिसके माध्यम से कोई भी बच्चा या जागरूक नागरिक संकट की स्थिति में तुरंत सहायता प्राप्त कर सकता है। उन्होंने बताया कि यह सेवा उन बच्चों के लिए कार्य करती है, जो शारीरिक या मानसिक शोषण, यौन उत्पीड़न, बाल मजदूरी, बाल विवाह, तस्करी, परित्याग, लापता होने या भावनात्मक संकट जैसी परिस्थितियों का सामना कर रहे हों।
उन्होंने बताया कि मेले में लगाए गए इस स्टाॅल के माध्यम से लोगों को 1098 हेल्पलाइन के महत्व, कार्यप्रणाली तथा बच्चों से जुड़े विभिन्न कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी जा रही है, ताकि आपातकाल के दौरान तुरंत सहायता उपलब्ध कराई जा सके। हेल्पलाइन पर कॉल प्राप्त होते ही प्रशिक्षित काउंसलर स्थिति का आकलन करते हैं और आवश्यकता अनुसार संबंधित विभागों, पुलिस तथा गैर-सरकारी संगठनों को सूचित किया जाता है। जरूरत पड़ने पर बच्चों के रेस्क्यू, सुरक्षित आश्रय और पुनर्वास की प्रक्रिया भी सुनिश्चित की जाती है। कॉल करने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाती है।
महिला एवं बाल विकास विभाग, हिमाचल प्रदेश तथा जिला बाल संरक्षण इकाई ने आमजन से अपील की है कि यदि कहीं कोई बच्चा संकट में दिखाई दे तो तुरंत 1098 पर कॉल करें। एक छोटी सी पहल किसी बच्चे का भविष्य सुरक्षित बना सकती है।
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कहलूर लोकोत्सव के दूसरे दिन 53 महिला मंडलों, स्वयं सहायता समूहों ने दी प्रस्तुतियों
बिलासपुर, 19 मार्च: राज्य स्तरीय नलवाड़ी मेला-2026 के तहत आयोजित कहलूर लोकोत्सव के दूसरे दिन सांस्कृतिक रंगों की शानदार छटा देखने को मिली। इस अवसर पर 53 महिला मंडलों, स्वयं सहायता समूहों, व्यक्तिगत कलाकारों तथा विभिन्न सांस्कृतिक संस्थाओं ने अपनी प्रस्तुतियों से समां बांध दिया।
लोकोत्सव के दूसरे दिन महिला मंडलों और स्थानीय सांस्कृतिक दलों ने गिद्दा, लोक-गीत, संस्कार गीत, लोक-नृत्य, धाजा और एकल गीत जैसी आकर्षक प्रस्तुतियां दीं। पारंपरिक वाद्य यंत्रों की मधुर ध्वनि के साथ कलाकारों ने हिमाचली लोक संस्कृति की जीवंत झलक पेश की, जिससे पूरा माहौल उत्साह और सांस्कृतिक रंग में सराबोर हो गया।
कार्यक्रम के दौरान दर्शकों ने प्रस्तुतियों का भरपूर आनंद लिया और कलाकारों का उत्साहवर्धन किया। इस अवसर पर कहलूर लोकोत्सव आयोजन समिति की संयोजक एवं जिला भाषा अधिकारी नीलम चंदेल भी उपस्थित रहीं।