बिलासपुर, 15 फरवरी 2026- नगर नियोजन, आवास, तकनीकी शिक्षा, व्यावसायिक एवं औद्योगिक प्रशिक्षण मंत्री राजेश धर्माणी ने रविवार को लुहारवीं और फ़टोह पंचायतों का दौरा कर 67 लाख रु की विकास परियोजनाओं का शिलान्यास किया । इस दौरान उन्होंने फ़टोह पंचायत में बस्ती धारड़ी सम्पर्क मार्ग की 34 लाख रु की लगत से आधारशीला रखी तथा कोर्ट काॅम्पलेक्स से रछेड़ा सम्पर्क मार्ग पर 34 लाख रु से निर्मित होने बाली पुल की आधारशीला रखी इससे स्थानीय लोगों को बेहतर और सुरक्षित आवागमन सुविधा उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल होगी ।
जनसभा को संबोधित करते हुए राजेश धर्माणी ने कहा कि प्रदेश सरकार ग्रामीण और दूरदराज क्षेत्रों के संतुलित विकास के लिए प्रतिबद्ध है तथा सड़क संपर्क, खेल सुविधाओं और आपदा बहाली से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि घुमारवीं और लुहारवीं क्षेत्र में विकास कार्यों को निरंतर गति दी जा रही है, जिससे क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक विकास को नई दिशा मिल रही है और लोगों को बेहतर सुविधाएं प्राप्त हो रही हैं।
उन्होंने बताया कि लुहारवीं पंचायत में ए.एम . पी योजना 2025-26 के तहत तरोतडा से बरोटा तक सड़क निर्माण पर 25 लाख रूपए तथा पीडीएनए के तहत 20 लाख तथा ए.एम.पी योजना 2024-25 के अंतर्गत जुंगी बरोटा लिंक रोड के निर्माण पर 26 लाख रूपए स्वीकृत करवाए।इसके अतिरिक्त कोर्ट कॉम्प्लेक्स से गांव राछेहड़ा तक लिंक रोड और स्लैब कल्वर्ट के निर्माण पर 20 लाख रूपए स्वीकृत करवाए ।
राजेश धर्माणी ने बताया कि पीडीएनए और अन्य योजनाओं के अंतर्गत कंदरौर-पनोह-टकरेड़ा-घुमारवीं सड़क निर्माण पर 2.01 करोड़ रूपए व्यय किए जा रहे हैं, जबकि आपदा प्रबंधन के तहत जोगिंद्रनगर धर्मपुर सरकाघाट-घुमारवीं सड़क की बहाली पर 1.90 करोड़ रूपए खर्च किए गए हैं। इसके अतिरिक्त युवाओं को आधुनिक खेल सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से घुमारवीं में 6.00 करोड़ रूपए की लागत से बहुउद्देश्यीय खेल स्टेडियम का निर्माण कार्य प्रगति पर है, जिससे क्षेत्र के युवाओं को अपनी प्रतिभा निखारने के लिए बेहतर अवसर उपलब्ध होंगे।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में समावेशी, संतुलित और सतत विकास सुनिश्चित करना है।
उन्होंने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी विकास कार्यों को निर्धारित समय सीमा के भीतर गुणवत्ता के साथ पूर्ण किया जाए, ताकि आम जनता को इनका अधिकतम लाभ प्राप्त हो सके। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि इन परियोजनाओं के पूर्ण होने से क्षेत्र में संपर्क व्यवस्था मजबूत होगी, आपदा प्रबंधन क्षमता में वृद्धि होगी तथा क्षेत्र के समग्र विकास को नई गति मिलेगी।