धर्मशाला 4 अगस्त: केंद्रीय वित्त एवं कारपोरेट मामले राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा कि आत्म निर्भर योजना के तहत कृषि तथा बागबानी विभाग के अधिकारियों को व्यापक स्तर पर सब्जियां, नगदी फसलें तथा फल उत्पादन में बढ़ोतरी की संभावनाओं का प्लान 31 अगस्त तक तैयार करने के निर्देश दिए हैं ताकि किसानों की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करने के साथ साथ ग्रामीण स्तर पर स्वरोजगार उपलब्ध करवाया जा सके।
केंद्रीय राज्य वित्त मंत्री अनुराग ठाकुर ने मंगलवार को दिल्ली से विडियो कांफ्रेसिंग के माध्यम से धर्मशाला में जिला स्तरीय समन्वय एवं निगरानी की समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि खाली पड़ी कृषि योग्य भूमि का ब्योरा भी तैयार किया जाए ताकि उक्त जमीन पर कांट्रेक्ट फार्मिंग या अन्य माध्यमों से नगदी फसलें, सब्जियां उगाने के लिए उपयोग किया जा सके। इससे किसानों को भी आर्थिक लाभ मिलेगा तथा कृषि उत्पादन में भी बढ़ोतरी होगी।
उन्होंने कहा कि कृषि विभाग के अधिकारी नियमित तौर पर फील्ड में जाकर किसानों की समस्याओं का त्वारित निदान सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि फसल बीमा योजना का व्यापक प्रचार प्रसार भी सुनिश्चित किया जाए ताकि ज्यादा से ज्यादा पात्र किसान लाभांवित हो सकें।
उन्होंने कहा कि कोविड-19 महामारी के कारण पूरे विश्व में संकट पैदा हुआ है। इस महामारी के चलते लोगों को असुविधा का सामना न करना पड़े, इसके लिए हमें मिलकर प्रयास और नए विचार तथा नई सोच के साथ कार्य करना होगा। उन्होंने संतोष जताया कि कांगड़ा जिला मेें कोविड-19 महामारी का नियंत्रित करने एवं इसकी रोकथाम के लिए समय पर उचित कदम उठाए गए हैं। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि आयुष्मान तथा हिम केयर योजना का सुचारू क्रिर्यान्वयन सुनिश्चित किया जाए तथा पात्र लोगों को इस योजना के लाभ बारे भी विस्तार से जानकारी प्रदान की जाए ताकि किसी भी गरीब तथा निर्धन व्यक्ति को उपचार से वंचित नहीं रहना पड़े।
केंद्रीय राज्य मंत्री ने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए कि वे विभिन्न रोगों के उपचार में लक्ष्य निर्धारित करते हुए कार्य करें, ताकि टीबी, एड्स, नशामुक्ति इत्यादि के क्षेत्र में समयबद्ध परिणाम प्राप्त किए जा सकें।
केंद्रीय राज्य वित्त मंत्री ने कहा कि स्वयं सहायता समूहों को बेहतर तरीके से उत्पाद तैयार करने के लिए प्रशिक्षित किया जाए और विपणन की व्यवस्था भी की जाए ताकि महिलाएं आर्थिक तौर पर सशक्त हो सकें।
उन्होंने कहा कि कांगड़ा जिला में सभी घरों तक बिजली कनेक्शन प्रदान करने तथा शहरी तथा ग्रामीण क्षेत्रों में आवासीय सुविधा प्रदान करने के लिए भी तत्परता के साथ कार्य किया जाए। उन्होंने लोक निर्माण विभाग को निर्देश देते हुए कहा कि कांगड़ा जिला के गांवों को सड़क सुविधा के साथ जोड़ने के लिए भी उचित कदम उठाए जाए।ं
अनुराग ठाकुर ने कहा कि भू-जल स्तर में बढ़ोतरी के साथ-साथ उपलब्ध जल का सिंचाई एवं अन्य कार्यों में बेहतर उपयोग भी सुनिश्चित करें। इसके लिए एक सफल मॉडल विकसित करें और इसमें पौधारोपण को भी शामिल करें। उन्होंने कहा कि जिला में कूड़ा-कचरा निस्तारण के लिए एक संयुक्त डंपिंग स्थल एवं संयंत्र की संभावनाएं तलाशें।
उन्होंने कहा कि कोविड-19 के कारण शिक्षा व्यवस्था प्रभावित न हो, इसके लिए केंद्र सरकार ने ‘स्वयंप्रभा’ चैनल प्रारंभ किया है। इसमें विषय सामग्री चैप्टरवाइज एवं कक्षावार तैयार की गई है। इसका व्यापक प्रचार-प्रसार कर विद्यार्थियों को इसका लाभ उठाने के लिए प्रेरित करें।
बैठक में महिला एवं बाल विकास की विभिन्न्न योजनाओं, पोषण अभियान, गरीब कल्याण योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना और अन्य योजनाओं की प्रगति की समीक्षा भी की गई।
इस अवसर पर सांसद किशन कपूर ने कहा कि केंद्र प्रयोजित स्कीमों की नियमित तौर पर समीक्षा की जाए तथा विकास कार्यों में गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए और निर्माण कार्यों को समयबद्व पूरा करने के लिए भी उचित कदम उठाए जाएं।
उपायुक्त राकेश कुमार प्रजापति ने बैठक का संचालन किया और उन्होंने केंद्रीय राज्य मंत्री को आश्वस्त किया कि बैठक में दिए गए दिशा-निर्देशों की समयबद्ध अनुपालना सुनिश्चित की जाएगी।
इस अवसर पर डिजिटल माध्यम से सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री सरवीण चौधरी, विधायक अरूण कूका, विधायक विशाल नैहरिया, विधायक ज्वाली अर्जुन सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी भी उपस्थित थे।