चण्डीगढ़ 18 सितम्बर - हरियाणा के राज्यपाल श्री बंडारू दत्तात्रेय ने कहा कि शोधकार्यों में प्रयोगशालाओं तथा बेहतर संसाधनों का भरपूर उपयोग करने के लिए सभी विश्वविद्यालय आपसी सहयोग से कार्य कर उपलब्ध सुविधाओं के आधार पर दूसरे विश्वविद्यालयों के साथ एम.ओ.यू. साईन करें ताकि विद्यार्थी और शोधार्थी शिक्षा की नवीनतम शोध, तकनीकों व जानकारियों से अपडेट रहें।

श्री दत्तात्रेय शनिवार को राजभवन में उनसे मिलने आए पंजाब विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो0 राजकुमार से पंजाब विश्वविद्यालय में उपलब्ध ढांचागत सुविधाओें, संसाधनों और विशेषज्ञों से सम्बन्धित विषयों पर चर्चा कर रहे थे। उन्होंने कहा कि नवीनतम शोध और शैक्षणिक तकनीकों से हरियाणा और चण्डीगढ़ के छात्रों को लाभ होगा। श्री दत्तात्रेय ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति के उद्देश्यों के अनुरूप कार्यक्रमों को लेकर सभी विश्वविद्यालय आगे बढ़ेंगे और नए पाठ्यक्रम तैयार करने व उन्हें लागू करने मंे त्रीवता आएगी।

इस शिष्टाचार मुलाकात में पंजाब विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो0 राजकुमार ने शिक्षा के विभिन्न क्षेत्रों शोधकार्यों, खेलों इत्यादि के लिए हरियाणा के विश्वविद्यालयों के साथ कार्य करने की इच्छा जताई है। उन्होंने कहा कि पंजाब विश्वविद्यालय परिसर में नवीनतम प्रयोशालाएं, रिसोर्स पर्सन उपलब्ध हैं। जिनका विभिन्न क्षेत्रों में लाभ लिया जा सकता है। उन्होंने कहा कि पंजाब विश्वविद्यालय में अपनी तरह का देश का श्रेष्ठतम नीति अनुसंधान केन्द्र स्थापित है। जिसका राज्य सरकार के उपक्रमों, सार्वजनिक क्षेत्रों व विभिन्न विभागों से सम्बन्धित प्रशिक्षण सुविधाओं में लाभ लिया जा सकता है।

कुलपति प्रो0 राजकुमार ने आगे बताया कि पंजाब विश्वविद्यालय परिसर में सभी तरह के इंडोर व बाह्य खेलों से सम्बन्धित सभी तरह की उम्दा किस्म के संसाधन हैं। बेहतर सुविधाएं हैं। इन सभी सुविधाओं का हरियाणा के खिलाड़ी लाभ ले सकता हैं। उन्होंने माना कि हरियाणा के युवाओं में खेलों का जनून व जज्बा है उसी के कारण ही प्रदेश के खिलाड़ियों ने ओलम्पिक व पैरालम्पिक व विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं में देश और प्रदेश का नाम रोशन किया है। उन्होंने कहा कि पंजाब विश्वविद्यालय चण्डीगढ़ व हरियाणा के विश्वविद्यालय मिलकर काम करेंगे तो शिक्षा के क्षेत्र में सकारात्मक परिणाम आएंगे।