6 मार्च 2021 को आर0एच0 बिलासपुर, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र झंडुता, नागरिक चिकित्सालय मारकंड, में टिकाकरण किया जाएगाः- प्रकाश दडोच
बिलासपुर 5 मार्च- मुख्य चिकित्सा अधिकारी बिलासपुर डाॅ0 प्रकाश दडोच ने बताया कि जिला बिलासपुर में कोरोना टीकाकरण के तीसरे चरण के अंतर्गत 60 वर्ष से अधिक उम्र के व्यक्ति तथा 45 से 59 वर्ष के वे लोग जिन्हें कुछ अन्य इसी तरह की बिमारी है ऐसे लोगों को कोविड का टीका लगाया जा रहा है। यह टीका सभी सरकारी अस्पतालोें में निशुलक लगाया जा रहा है तथा निजी अस्पतालों में मात्र 250 रुपये प्रति व्यक्ति देकर लगवाया जा सकता है। टीका लगवाने के लिए किसी भी व्यक्ति को ज्यादा दूर जाने की जरुरत नहीं है क्योंकि वह अपने नजदीकी सरकारी अस्पताल,सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र तथा प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र में निर्धारित दिनों में टीका लगवा सकता है। इस विषय में निर्धारित तिथि से पहले आम जनता को समाचार पत्रों के माध्यम से अवगत करवा दिया जाएगा कि उनके नजदीकी स्वास्थ्य केन्द्रों में किस-किस दिन टीकाकरण होगा। इस विषय में इच्छुक व्यक्ति आरोग्य सेतु ऐप या कोविन ऐप के माध्यम से नजदीकी स्वास्थ्य केन्द्र में अपने-अपने टीकाकरण का दिन चुनकर नाम दर्ज करवा सकता है। अतः व्यक्ति अपनी इच्छानुसार टीकाकरण के लिए स्वास्थ्य केन्द्र तथा दिन का चयन कर सकता है। इस विषय में ध्यान देने योग्य यह बात है कि पहले से स्वास्थ्य विभाग द्वारा निर्धारित किया जाएगा कि किस-किस स्वास्थ्य केन्द्र में किस दिन टीकाकरण होगा। इच्छुक व्यक्ति को उन्हीं निर्धारित तिथियों में से चयन करना होगा इसके अतिरिक्त कुछ सीमित संख्या में इन स्वास्थ्य केन्द्रों में टीकाकरण के दिन आॅन स्पाॅट रजिस्ट्रेशन की व्यवस्था भी होगी जिसका लाभ भी इच्छुक व्यक्ति उठा सकता है।
बिलासपुर जिले में कोविड.19 टीकाकरण के तीसरे चरण में 5 मार्च 2021 को आर0एच0 बिलासपुर, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र तलाई, नागरिक चिकित्सालय बरठी व घुमारवीं, में टिकाकरण किया गया जिसमें 60 वर्ष से उपर के लोगो को आज तक कुल 850 टीके जिले लग चुके हैं। उन्होंने बताया कि इस वैक्सीन को लेकर लोगों को कतई भी संदेह नहीं करना चाहिए यह पुरी तरह सुरक्षित है। उन्होंने उम्मीद जताई कि तीसरे चरण में ज्यादा से ज्यादा लोग टीकाकरण के लिए आगे आएंगे। उन्होंने बताया कि पहला टीका लगाने के बाद 28 दिन पूरा होने पर दूसरा टीका लगाया जाता है।
उन्होंने बताया कि अब तक किसी को भी टीका लगाने से कोई गम्भीर प्रतिकूल प्रभाव नहीं हुआ। टीकाकरण के बाद मामूली बुखार, टीका लगाने की जगह मामूली दर्द का होना तथा शरीर में दर्द होना जैसे प्रतिकूल प्रभाव हो सकते हैं इसलिए हम व्यक्ति को टीका लगाने के बाद आधा घंटा अपनी निगरानी में रखते हैं, घर जाने से पहले मरीज को एक हैल्पलाइन नंबर भी देते हैं कुछ भी होने पर वैक्सीन लगवाने वाले को वहां से मदद मिल जाती है। उन्होंने बताया कि वैक्सीन की एक डोज लगवाने के बाद 28 दिन के बाद दूसरी डोज लगवाई जाती है और उसके बाद 14 दिन शरीर रोग प्रतिरोधक क्षमता बनाने में लगा देता है। दोनों टीके लगाने के 14 दिनों के बाद शरीर पर कोरोना वायरस का प्रभाव नहीं होगा या बेहद कम होगा, लेकिन मास्क व शारीरिक दूरी के नियमों का पालन जरुर करे। डाॅ0 प्रकाश दडोच ने बताया कि कोविड-19 का टीका बिलकुल सुरक्षित है प्रमाणित है अतः किसी प्रकार की गलत अफवाहों व भ्रांतियों पर भरोसा न करें। उन्होंने आम जनता से भी अपील की है कि ये टीके चरणबद्ध तरीके से सभी को लगाए जा रहे हैं। टीकाकरण के लिए जगह, तिथि का ब्योरा समाचार पत्रों के माध्यम से दे दिया जायेगा। अतः सभी भरोसा बनाए रखें, स्वास्थ्य विभाग व हमारी सरकार कोरोना से मुक्ति दिलाने के लिए हर सम्भव प्रयास कर रहे है।

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कोविड-19 से बचाव के लिए जागरूक व सर्तक होना बेहद जरूरी- डाॅ. प्रकाश दरोच
बिलासपुर 5 मार्च - मुख्य चिकित्सा अधिकारी बिलासपुर डाॅ0 प्रकाश दरोच ने बताया कि जिला में आम जनता में किसी को भी बुखार, खांसी और सांस लेने में तकलीफ हो तो वो अपने नजदीकी स्वास्थ्य केन्द्र जाकर बताएं अगर वो कोरोना टैस्ट के लिए कहें तो उनके द्वारा बताए गए स्वास्थ्य संस्थान में जाकर अपना टैस्ट अवश्य करवाएं। उन्होंने बताया कि कोविड-19 से बचाव के लिए जागरूक व सर्तक रहना आवश्यक है।
उन्होंने बताया कि सरकार द्वारा जारी आदेशो के अनुसार सभी जगह पर सामाजिक दूरी व मास्क लगाना अनिवार्य है घर से बाहर जाने पर भी मास्क का प्रयोग अनिवार्य है। सार्वजनिक स्थानों पर थूकना भी दण्डनीय अपराध है, हम सबको इन बातों का पालन करना चाहिए क्योंकि अभि कोरोना खत्म नहीं हुआ है। उन्होंने बताया कि कोरोना वाइरस (कोविड-19) के बारे में सभी को पूर्ण ज्ञान होना बहुत जरुरी है। इसके क्या लक्षण हैं, इसके बचाव के लिए हमें क्या करना चाहिए और क्या नहीं । कोराना वाइरस एक व्यक्ति से दुसरे व्यक्ति में संक्रमण के जरिए फैलता है। कोराना वाइरस के लक्षण-बुखार-खांसी-सांस लेने में तकलीफ मुख्य हैं।
उन्होंने बताया कि संक्रमण कोरोना संक्रमित व्यक्ति के सीधे सम्र्पक या उसके सम्र्पक में आई हुई वस्तुओं के संम्र्पक में आने से होता है इस रोग में फ्लू जैसे लक्षण मिलते है जैसे बुखार, खांसी, सांस लेने में परेशानी आदि संक्रमित कण एक व्यक्ति सेे दूसरे व्यक्ति में खांसने, छींकनें, वार्तालाप करते समय या उसके सम्र्पक में आई हुई वस्तुओं के संम्र्पक में आने से फैलता है।
उन्होंने बताया कि कोरोना वायरस के रोकथाम और बचाव के लिए सामाजिक दूरी बनाए रखें, अपने हाथों को साबुन व पानी से दिन में बार-बार कम से कम 20 सैकिंड तक आवश्य धोऐं या सेनीटाइजर का उपयोग करें, मास्क का प्रयोग आवश्य करें, इस्तेमाल किये हुए मास्क का उपयोग एक बार में 4-6 घण्टे ही करें इस्तेमाल के बाद उसे क्लोरिन घोल में डालने के बाद बंद कूडेदान में डाल दें, दो गज की सामाजिक दूरी का पालन करें -पर्याप्त मात्रा में नींद लें और आराम करें और पोषक आहार लें, साफ-सफाई का खास ख्याल रखें, खांसते या छिंकते समय मुहं पर रुमाल रखे या बाजू की कोहनी का प्रयोग करें, या़त्रा करने से बचें, नमस्कार संस्कार का पालन करें।
उन्होंने बताया कि गंदे हाथों से नाक, मुंह अथवा आंखों को न छुएं, किसी से मिलने के दौरान हाथ न मिलाएं, न गले लगाएं, सार्वजनिक स्थानों पर खुले में न थूके, बिना चिकित्सक के परामर्श से दवा न लें, इस्तेमाल किए हुए नैपकिन या टिशू पेपर खुले में न फेंके, खुले में रखी किसी चीज का स्पर्श न करें और न ही किसी चीज को अनावश्यक हाथ लगाएं, सार्वजनिक कार्यक्रमों में भाग लेने से बचें तथा अनावश्यक घर से बाहर न निकलें।
उन्होंने कहा कि यदि आप जुखाम, बुखार से पीडित हैं तो नजदीकी कोरोना टेस्टिंग केन्द्र में जाकर अपना टैस्ट आवश्य करवाएं।