विद्यार्थी आत्मनिर्भर बनने के साथ आत्म-विकास पर भी दें ध्यान: राजेश धर्माणी
कहा.....संचार कौशल, नेतृत्व क्षमता, सामूहिक चर्चा और सकारात्मक सोच को बनाएं जीवन का हिस्सातकनीकी शिक्षा मंत्री ने स्वामी विवेकानंद राजकीय महाविद्यालय घुमारवीं के विद्यार्थियों से किया संवाद>